प्रदेश में संपत्तियों के पंजीयन की 1.12 लाख लोकेशन में से मात्र 3 फीसदी (3360) लोकेशनों की गाइड लाइन में 0.94 प्रतिशत की बढ़ोतरी की गई है। भोपाल में बढ़ोतरी का प्रस्ताव होल्ड पर रखा गया है तो उपचुनाव के कारण श्योपुर व सीहोर के प्रस्ताव आचार संहिता के कारण अटक गए। मध्य प्रदेश बाजार मूल्य मार्गदर्शक सिद्धांतों और उनके पुनरीक्षण नियम, 2018 के नियम-9 के तहत वर्ष 2024-25 की शेष अवधि के लिए अचल संपत्ति के बाजार मूल्य की गाइड लाइन के अनुमोदन के लिए केंद्रीय मूल्यांकन बोर्ड की बैठक बुधवार को हुई। इसकी अध्यक्षता केंद्रीय मूल्यांकन बोर्ड/महानिरीक्षक पंजीयन, मध्य प्रदेश ने की। इसमें प्रदेश भर की जिला मूल्यांकन समितियों के प्रस्तावों पर विचार के बाद उन्हें मंजूरी दी गई।
वर्ष 2024-25 की शेष अवधि के लिए गाइड लाइन तैयार करते समय ऐसी समस्त लोकेशन जहां गाइड लाइन दरें वास्तविक दरों से काफी कम हैं एवं जहां गाइड लाइन मूल्य से अधिक मूल्यों पर दस्तावेज पंजीबद्ध हो रहे हैं, ऐसी लोकेशनों का विभिन्न मापदंडों जैसे टाउन एंड कंट्री प्लानिंग के नवीन ले-आउट,अकृषिक प्रयोजन हेतु व्यपवर्तन की जानकारी, उपलब्ध डाटा के आधार पर डाटा एनालिटिक्स, ए.आई. एवं जिले के स्थानीय सर्वे आदि के विश्लेषण बाद जिलों से प्राप्त प्रस्तावों का केन्द्रीय मूल्यांकन बोर्ड द्वारा अनुमोदित किया गया। प्रदेश की लगभग 1.12 लाख गाइड लाइन लोकेशन में से मात्र 3 प्रतिशत लोकेशन पर 0.94 प्रतिशत की वृद्धि को मंजूरी दी गई।
पहली बार एक साल में दो बार बढ़ोतरी
पहली बार केंद्रीय मूल्यांकन बोर्ड द्वारा जिला मूल्यांकन समितियों से प्राप्त गाइड लाइन प्रस्तावों को वर्ष 2024-25 की शेष अवधि के लिए अनुमोदित किया गया। इस तरह पहली बार साल में दो बार गाइड लाइन बढ़ाने की मंजूरी दी गई। इसे लागू करने के लिए निर्देश/परामर्श हेतु शासन भेजने का भी निर्णय लिया गया।