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Bhopal: फिटजी कोचिंग के बाहर अभिभावकों ने किया प्रदर्शन, कोचिंग मालिक के गिरफ्तारी की मांग, पुलिस कर रही जांच

Tue, 28 Jan 2025 06:39 PM IST
संदीप तिवारी न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

भोपाल में फिटजी कोचिंग के बंद होने के बाद मंगलवार को अभिभावकों ने कोचिंग संस्थान के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। अभिभावकों की मांग है कि कोचिंग संस्थान के मालिक को गिरफ्तार किया जाए और उनका बैंक अकाउंट सीज कर अभिभावकों के फंसे हुए पैसे लौटाए जाएं।
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अभिभावकों का प्रदर्शन - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में फिटजी कोचिंग के बंद होने के बाद अभिभावकों का गुस्सा लगातार बढ़ता जा रहा है। मंगलवार को अभिभावकों ने कोचिंग संस्थान के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। अभिभावकों की मांग है कि कोचिंग संस्थान के मालिक डीके गोयल को गिरफ्तार किया जाए और उनका बैंक अकाउंट सीज कर अभिभावकों के फंसे हुए पैसे लौटाए जाएं। इसके अलावा, उन्होंने कोचिंग संस्थानों के खिलाफ सख्त गाइडलाइन बनाने की भी अपील की, ताकि भविष्य में किसी अन्य कोचिंग संस्थान द्वारा ऐसा धोखाधड़ी न किया जा सके।
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जल्द हो सकती है गिरफ्तारी
कोचिंग सेंटर के मालिक डीके गोयल की गिरफ्तारी जल्द हो सकती है। भोपाल पुलिस ने इसके लिए तीन विशेष टीमों का गठन किया गया है। इनमें से एक टीम दिल्ली पहुंच चुकी है और गोयल के संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है। पुलिस गोयल के मूवमेंट पर नजर बनाए हुए है और उसके ठिकानों की सघनता से तलाशी ली जा रही है।  जिला प्रशासन भी फिट्जी कोचिंग को लेकर बड़ी कार्रवाई करने वाला है। भोपाल कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने एमपी नगर एसडीएम एलके खरे और बैरागढ़ एसडीएम आदित्य जैन को कार्रवाई करने को कहा है। 


संकट में आ गया बच्चों का भविष्य
 एक अभिभावक हैं राकेश ने बताया कि उनका बेटा पिछले चार साल से फिटजी के इंटीग्रेटेड कोर्स में शामिल था। पहले दो साल सब कुछ सही चलता रहा, लेकिन दिसंबर 2024 के पहले सप्ताह में उन्हें जानकारी मिली कि फिटजी कोचिंग सेंटर बंद हो गया है। इससे न सिर्फ बच्चों का भविष्य संकट में आ गया है, बल्कि अभिभावकों को भी भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है। इसी तरह, अभिभावक इप्शिता और मुकेश महावर ने भी अपनी चिंताओं का इज़हार किया। इप्शिता ने कहा कि कोचिंग सेंटर बंद होने से बच्चों की बोर्ड परीक्षाओं के लिए चिंता बढ़ गई है और उनके मानसिक स्वास्थ्य पर भी इसका नकारात्मक असर हो रहा है। मुकेश महावर का कहना था कि उनका बेटा आदित्य महावर 11वीं क्लास में है और कोचिंग सेंटर के बंद होने से वह डिप्रेशन में चला गया है।
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12 से 15 करोड़ फंसे
जानकारी के अनुसार कोचिंग में  लगभग 700 अभिभावकों के पैसे फंसे हुए हैं, जिनकी राशि कुल मिलाकर 12-15 करोड़ रुपए तक पहुंच सकती है। शिकायत के बाद कलेक्ट्रेट ने कोचिंग सेंटर का गुमास्ता रद्द कर दिया है, और प्रशासन ने अभिभावकों को उनके फंसे हुए पैसे वापस दिलाने का आश्वासन दिया है। हालांकि, पुलिस की ओर से अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है।फिटजी कोचिंग के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला सामने आने के बाद, भोपाल के एमपी नगर थाने में कोचिंग के संचालक समेत 4 लोगों पर एफआईआर दर्ज की गई है। इस मामले में पुलिस ने कोचिंग स्टाफ को पक्ष रखने के लिए बुलाया था।
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