फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bhopal News: बरसात में 600 मकान तोड़ने की तैयारी पर बवाल,जनसुनवाई पहुंचे ऐशबाग हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी के रहवासी

Tue, 07 Jul 2026 06:12 PM IST
Sandeep Kumar Tiwari न्यूज डेस्क,अमर उजाला, भोपाल

सार

भोपाल की ऐशबाग हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी के करीब 600 मकानों को जर्जर बताकर प्रस्तावित ध्वस्तीकरण का विरोध तेज हो गया है। कांग्रेस नेता मनोज शुक्ला रहवासियों के साथ कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और जनसुनवाई में ज्ञापन सौंपकर पुनर्वास की व्यवस्था किए बिना मकान नहीं तोड़ने की मांग की।
विज्ञापन
जन सुनवाई में पहुंचे रहवासी - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

राजधानी की ऐशबाग स्थित हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी के करीब 600 मकानों को जर्जर घोषित कर उन्हें तोड़ने की प्रस्तावित कार्रवाई के विरोध में मंगलवार को रहवासियों का आक्रोश सामने आया। कांग्रेस नेता मनोज शुक्ला के नेतृत्व में बड़ी संख्या में प्रभावित परिवार कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और जनसुनवाई में आवेदन देकर कार्रवाई रोकने की मांग की।
विज्ञापन


पुनर्वास से पहले ध्वस्तीकरण नहीं करने की मांग
रहवासियों का कहना है कि भारी बारिश और मानसून के बीच बिना किसी वैकल्पिक व्यवस्था के मकान खाली कराने और ध्वस्त करने की तैयारी की जा रही है। उनका कहना है कि पहले पुनर्वास की व्यवस्था की जाए, उसके बाद ही किसी प्रकार की कार्रवाई की जाए।

कांग्रेस ने बताया अमानवीय फैसला
कांग्रेस नेता मनोज शुक्ला ने कहा कि बरसात के मौसम में सैकड़ों परिवारों को बेघर करना पूरी तरह अमानवीय है। उनके अनुसार इन मकानों में कई परिवार दशकों से रह रहे हैं और बिना पर्याप्त समय तथा पुनर्वास योजना के कार्रवाई से बुजुर्गों, महिलाओं और स्कूली बच्चों के सामने बड़ा संकट खड़ा हो जाएगा।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें-एमपी में बारिश ने पकड़ी रफ्तार, 31 जिलों में अलर्ट, सामान्य के करीब पहुंचा वर्षा का आंकड़ा
विज्ञापन


विकास के नाम पर लोगों को उजाड़ना ठीक नहीं
मनोज शुक्ला ने कहा कि कांग्रेस विकास और सुरक्षा के खिलाफ नहीं है, लेकिन विकास के नाम पर लोगों को बेघर करना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि जब तक प्रत्येक प्रभावित परिवार के लिए रहने की समुचित व्यवस्था नहीं हो जाती, तब तक इस मुद्दे को लेकर शांतिपूर्ण और कानूनी लड़ाई जारी रहेगी। प्रभावित परिवारों ने कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर जनसुनवाई में आवेदन सौंपा और मांग की कि वैकल्पिक आवास उपलब्ध कराए बिना ध्वस्तीकरण की कार्रवाई पर रोक लगाई जाए।

 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें