फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bhopal News: पात्रता परीक्षा मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट में पक्ष रखेगी सरकार, मंत्री बोले- नहीं होने देंगे नुकसान

Thu, 09 Apr 2026 07:49 AM IST
Sandeep Kumar Tiwari न्यूज डेस्क,अमर उजाला भोपाल

सार

पात्रता परीक्षा विवाद के बीच मध्यप्रदेश सरकार ने साफ किया है कि वह शिक्षकों के हित में सुप्रीम कोर्ट में पक्ष रखेगी। मंत्री ने भरोसा दिलाया कि कोई भी फैसला जल्दबाजी में नहीं लिया जाएगा और शिक्षकों का अहित नहीं होने दिया जाएगा।
विज्ञापन
एक दिन पहले शिक्षकों का प्रदर्शन - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पात्रता परीक्षा को लेकर मध्यप्रदेश में चल रहा विवाद अब बड़े मोड़ पर पहुंच गया है। बढ़ते दबाव और शिक्षक संगठनों की लगातार मांग के बीच राज्य सरकार ने स्पष्ट संकेत दे दिए हैं कि वह इस मुद्दे पर शिक्षकों के साथ खड़ी है और जल्द ही सुप्रीम कोर्ट में उनका पक्ष रखेगी।स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह से राज्य कर्मचारी संघ और शिक्षक संगठनों के प्रतिनिधिमंडल ने मुलाकात कर अपनी चिंताएं विस्तार से रखीं। प्रतिनिधियों ने सरकार से पात्रता परीक्षा के मामले में सक्रिय हस्तक्षेप करते हुए सुप्रीम कोर्ट में मजबूती से पक्ष रखने की मांग की।मुलाकात के बाद शिक्षा मंत्री ने साफ कहा कि सरकार तकनीकी और कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद उच्चतम न्यायालय में प्रदेश के शिक्षकों का पक्ष रखेगी। उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि सरकार कोई भी ऐसा फैसला जल्दबाजी में नहीं लेगी, जिससे शिक्षकों को नुकसान पहुंचे।
विज्ञापन


सरकार के रुख से बढ़ा भरोसा
शिक्षक संगठनों ने सरकार के इस रुख को सकारात्मक बताया है। संघ पदाधिकारियों का कहना है कि इससे प्रदेश भर के शिक्षकों में विश्वास मजबूत हुआ है और उन्हें उम्मीद है कि न्याय मिलेगा। मध्यप्रदेश राज्य कर्मचारी संघ और शिक्षक संघ ने साफ किया है कि पूरे प्रदेश के शिक्षक इस मुद्दे पर एकजुट हैं और अपने अधिकारों के लिए लगातार आवाज उठाते रहेंगे। संगठनों ने संकेत दिए हैं कि जरूरत पड़ने पर आंदोलन भी तेज किया जा सकता है।

यह भी पढें-नौकरी पर संकट का डर,सड़कों पर उतरे शिक्षक,भोपाल में DPI घेराव,TET आदेश के खिलाफ प्रदेशभर में प्रदर्शन
विज्ञापन
विज्ञापन


क्यों अहम है मामला?
पात्रता परीक्षा को लेकर लंबे समय से असमंजस और नाराजगी का माहौल बना हुआ है। ऐसे में सरकार का सुप्रीम कोर्ट जाने का फैसला इस पूरे मामले में निर्णायक साबित हो सकता है। अब सबकी नजर इस पर है कि अदालत में क्या रुख सामने आता है और शिक्षकों को कितनी राहत मिलती है।
 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें