राजधानी के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल हमीदिया में 1000 से ज्यादा आउटसोर्स कर्मचारी काम करते हैं लेकिन उन्हें समय पर वेतन नहीं मिल पा रहा है। इसकी वजह गांधी मेडिकल कॉलेज के पास पर्याप्त बजट नहीं होना बताया जाता है। समय पर वेतन नहीं मिलने के कारण हमीदिया अस्पताल के तकरीबन एक हजार से अधिक कर्मचारी गुरुवार से कम बंद हड़ताल पर जा रहे हैं। सुबह 7 बजे से सभी कर्मचारी अस्पताल के सामने आमरण पर बैठेंगे।
कर्मचारियों के हड़ताल से बिगड़ेगी व्यवस्था
आउटसोर्स कर्मचारी की हड़ताल पर जाने से हमीदिया अस्पताल में आने वाले हजारों मरीजों की परेशानी बढ़ जाएगी। यहां पर आउटसोर्स कर्मचारी वार्ड बॉय, टेक्नीशियन, सफाई कर्मचारी और कंप्यूटर सहित अन्य स्वास्थ्य सेवाएं संभाल रहे हैं। ऐसे में अगर ये हड़ताल पर जाते हैं तो मरीजों की परेशानी बढ़ जाएगी। एक कर्मचारी ने बताया कि पहले यह हड़ताल बुधवार को होने वाली थी लेकिन बांग्लादेश में हिंदुओं पर चल रहे अत्याचार के कारण भोपाल में दूसरा आंदोलन चल रहा है, इस वजह से हमने अपने आंदोलन को एक दिन तक टाल दिया है। अब यह गुरुवार को सुबह से शुरू होगा। गौरतलब है कि दीपावली के समय आउटसोर्स कर्मचारी ने हड़ताल किया था तब जाकर उन्हें 3 महीने का वेतन दिया गया था।अब दो महीने का समय बीत गया और उन्हें दोबारा वेतन नहीं दिया गया है। इसी कारण वे दोबारा हड़ताल पर जाने का निर्णय लिया है।
दिवाली के बाद अब तक नहीं मिला वेतन
हमीदिया अस्पताल के आउटसोर्स कर्मचारी का कहना है कि वैसे भी हमें कम वेतन मिलता है और समय पर नहीं मिलता जिस वजह से घर चलना मुश्किल हो रहा है।कर्मचारियों को कहना है कि इस बार लिखित में आदेश लेंगे कि हर महीने वेतन मिलेगा, तभी पीछे हटेंगे। हमीदिया अस्पताल में वार्ड बॉय, टेक्नीशियन, सफाई कर्मचारी और कंप्यूटर सहित अन्य स्वास्थ्य सेवक एक साथ हड़ताल पर जा रहे हैं। इनका कहना है कि दिवाली के समय तीन महीने का वेतन बड़ी मुश्किल से दिया गया। अब फिर दो माह का वेतन उलझा दिया गया है। जिससे परिवारों में आर्थिक संकट गहरा गया है। इन कर्मचारियों ने गांधी मेडिकल कॉलेज की डीन डॉ. कविता एन सिंह को भी यह समस्या बताई जा चुकी है। जितना वेतन मिल रहा है। उसमें परिवार का भरण पोषण नहीं हो पा रहा है। इतना कम पैसा देने के बाद भी समय पर भुगतान न करना कर्मचारियों के साथ नैसर्गिक न्याय नहीं है। कर्मचारियों ने साफ कहा है कि गुरुवार से कोई काम नहीं करेंगे।
कंपनी का 6 महीने से नहीं हुआ भुगतान
हमीदिया अस्पताल में आउटसोर्स का काम करने वाली एलाइजा कंपनी का पिछले 6 महीने से भुगतान नहीं हुआ है। यही वजह है कि कंपनी कर्मचारियों का वेतन नहीं दे पा रही है। एलिसा कंपनी के मैनेजर अंकित सिंह का कहना है कि आउटसोर्स कर्मचारियों के वेतन के लिए कंपनी लगातार प्रयास कर रही है। जीएमसी डीन से लगातार चर्चा हो रही है। उन्होंने कहा है कि जब कॉलेज प्रशासन हमें पैसा देगा, तभी हम कर्मचारियों के खातों में डालेंगे। हम प्रयास कर रहे हैं कि कर्मचारी हड़ताल न करें और मरीजों की परेशानी ना बढ़े।