बालाघाट जिले में भौतिक सत्यापन के दौरान कस्टम मिलिंग के लिए अनुबंधित पांच राइस मिलर्स के पास ऑफलाइन धान का भंडार मिला। राइस मिल के पास 9,295 क्विंटल ऑफलाइन धान का भंडार मिला है, जिसका मूल्य दो करोड़ 23 लाख रुपये से अधिक है। जिला कलेक्टर ने सभी राइस मिलर्स पर 25-25 हजार रुपये की कास्ट लगाई है।
खरीफ विपणन वर्ष 2023-24 में जबलपुर संभाग के अंतर्गत जिलों में उपार्जित की गई धान एवं मिलर्स को प्रदाय धान का भौतिक सत्यापन तथा मिंलिग पश्चात प्राप्त सीएमआर का भौतिक सत्यापन और गुणवत्ता की जांच हेतु दलों का गठन किया गया था। बालाघाट जिले में एलके जोशी जिला प्रबंधक देवास के नेतृत्व में 34 राइस मिलों का संयुक्त निरीक्षण किया गया था। इनमें से पांच मिलर्स के पास ऑफलाइन धान का भंडार पाया गया।
शासन के निर्देशानुसार, उर्पाजन केन्द्रों से ऑफलाइन धान का उठाव पूर्णतः प्रतिबंधित है। लेकिन मेसर्स संचेती राइस मिल वारासिवनी में 4,328 बोरे, संचेती राइस उद्योग वारासिवनी में 5,410 बोरे, संचेती सारटेक्स वारासिवनी 2,164 बोरे, तोलानी राइस मिल वारासिवनी 4,330 बोरे तथा सिद्धि विनायक राइस खमरिया 6,492 बोरे ऑफलाइन धान का भौतिक सत्यापन में पाया गया।
धान के संबंध में संबंधित राइस मिलर्स को कारण बताओ नोटिस जारी किया गया था, जिसके तारतम्य में मिलर्स द्वारा यह अवगत कराया गया था कि तकनीकी समस्या होने के कारण समय पर धान ऑनलाइन नहीं हो सका। तकनीकी समस्या के समाधान उपरांत अगले दिवस धान ऑनलाइन कर दिया गया था। मिलर्स का जवाब संतोषजनक नहीं होने के कारण जिला कलेक्टर ने प्रत्येक मिलर्स पर 25-25 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया है।