कौटिल्य भवन का उद्घाटन करती राज्यपाल आनंदीबेन पटेल। -संवाद
लखनऊ। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने शुक्रवार को लखनऊ विश्वविद्यालय परिसर में नवनिर्मित कौटिल्य भवन का लोकार्पण किया। इस मौके पर विश्वविद्यालय के एपी सेन सभागार में उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को 118 कंप्यूटर किट वितरित कर आंगनबाड़ी केंद्रों में डिजिटल सशक्तीकरण को बढ़ावा दिया।
विद्यार्थियों को सुझाव दिया कि वह बच्चों, किसानों, पशु-पक्षियों, रोगों और मानव जीवन से जुड़ी समस्याओं पर शोध करें। एआई जैसी आधुनिक तकनीक का सकारात्मक उपयोग करें। उन्होंने कहा कि डिजिटल युग में शिक्षा के क्षेत्र में तकनीकी संसाधनों की पहुंच बेहद जरूरी है। आंगनबाड़ी केंद्रों को कंप्यूटर किट बांटना एक दूरदर्शी और संवेदनशील प्रयास है, जिससे बाल विकास की आधारशिला और सशक्त होगी। साथ ही महिला सशक्तीकरण और डिजिटल साक्षरता को नई गति मिल सकेगी।
उन्होंने सुझाव दिया कि यहां के आईटी विभाग के विद्यार्थियों को ऐसी शैक्षिक व प्रेरणादायक वीडियो तैयार करनी चाहिए जो संस्कार, नैतिक शिक्षा, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, स्वस्थ जीवनशैली तथा पशु-पक्षियों के प्रति संवेदनशीलता जैसे विषयों पर आधारित हों, ताकि उन्हें आंगनबाड़ी केंद्रों में दिखाया जा सके। उन्होंने नोएडा क्षेत्र की आंगनबाड़ियों में इसी प्रकार के पहल के सफलता की चर्चा की।
राज्य के 18 विश्वविद्यालयों को मिली नैक ग्रेडिंग
राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने कहा कि प्रदेश के 18 विश्वविद्यालयों को नैक से ग्रेडिंग मिली है। कई विश्वविद्यालय अब विश्वस्तरीय रैंकिंग की ओर बढ़ रहे हैं। हमें अपने विश्वविद्यालयों को वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करना होगा। छह वर्षों में लखनऊ विश्वविद्यालय ने शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है और राष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाई है। प्रदेश में छह डिफेंस कॉरिडोर की स्थापना की जा रही है, जिससे रक्षा उत्पादन को गति मिलेगी। लखनऊ में अब ’ब्रह्मोस’ जैसे उन्नत मिसाइल सिस्टम का निर्माण हो रहा है। कुलपति प्रो. आलोक कुमार राय और प्रति कुलपति प्रो. मनुका खन्ना ने विश्वविद्यालय की प्रगति के साथ ही यहां कराए जा रहे नए कार्यों की जानकारी दी।