अनूठे इंटरैक्टिव सेशन के जरिए होगी महाकुंभ की ब्रांडिंग
महाकुंभ दुनिया का सबसे बड़ा धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन है, जिसमें पूरी दुनिया से करोड़ों श्रद्धालु भाग लेते हैं। उत्तर प्रदेश सरकार ने इस आयोजन के लिए विशेष रूप से 'महाकुंभ कॉन्क्लेव' की योजना बनाई है, जो एक अनूठा इंटरैक्टिव सत्र होगा। इसके जरिए, भारतीय संस्कृति, धार्मिक परंपराओं और आधुनिक तकनीकों के माध्यम से आगंतुकों को अविस्मरणीय अनुभव प्रदान किया जाएगा। महाकुंभ कॉन्क्लेव उत्तर प्रदेश की सांस्कृतिक समृद्धि और प्रशासनिक कुशलता का उदाहरण पेश करेगा। इस आयोजन का उद्देश्य न केवल धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देना है, बल्कि वैश्विक स्तर पर राज्य की ब्रांडिंग का भी माध्यम बनेगा। कार्यक्रम में समुद्र मंथन से प्राप्त 14 रत्नों के थ्रीडी मॉडल की नुमाइश होगी तथा सांस्कृतिक संध्या में उत्तर प्रदेश के लोक संगीत और नृत्य की प्रस्तुति भी होगी, जो महाकुंभ की आध्यात्मिकता को सजीव करेगी। साथ ही, प्रत्येक अतिथि को यूपी की सांस्कृतिक धरोहर के प्रतीक के रूप में स्मृति चिह्न प्रदान किए जाएंगे। आयोजन में दुनियाभर से आए 700 अतिविशिष्ट अतिथियों का जमावड़ा लगेगा। अतिथियों के सम्मान में हाई टी व डिनर का भी आयोजन किया जाएगा।
कार्यक्रम में इन विशिष्टताओं को किया जाएगा प्रदर्शित...
- डिजिटल डिस्प्ले जोन: बड़ी एलईडी स्क्रीन पर कुंभ मेला की कहानी, नागा साधुओं व विभिन्न अखाड़ों के संन्यासियों के जीवन और अन्य धार्मिक पहलुओं को दर्शाने वाले एनीमेशन का चित्रण होगा।
- 3डी मॉडल: त्रिवेणी संगम, अक्षयवट और समुद्र मंथन के दृश्यों को थ्रीडी मॉडल्स के माध्यम से दर्शाया जाएगा।
- आधुनिक नवाचार: एआई चैटबॉट और मल्टी-लैंग्वेज ट्रांसलेटर डिवाइस का भी प्रदर्शन किया जाएगा जो अंतर्राष्ट्रीय आगंतुकों को सहज अनुभव प्रदान करेगा।
- पर्यटन पैकेज की जानकारी: यात्रा और आवास सुविधाओं का डिजिटल प्रस्तुतीकरण किया जाएगा। बाकायदा टेंट सिटी व होटल रूम के एक सेटअप को स्थापित किया जाएगा जिससे कल्पवास के दौरान मिलने वाली सुविधाओं को प्रत्यक्ष तौर पर आगंतुक देख सकेंगे।
- डिजिटल वॉक थ्रूः कार्यक्रम के अंतर्गत 10 मिनट के वर्चुअल वॉक-थ्रू सेशन का आयोजन भी किया जाएगा जिसके जरिए आगंतुकों को मेला क्षेत्र के विभिन्न हिस्सों की जानकारी मिल सकेगी।