उत्तर प्रदेश में 31 मार्च को खत्म हुए वित्त वर्ष में पहले के मुकाबले करीब 2.5 प्रतिशत ज्यादा बजट खर्च हुआ लेकिन कुल प्रावधानित बजट का 1.08 लाख करोड़ रुपये का इस्तेमाल नहीं हो सका। हालांकि कर्ज संबंधी रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) की रिपोर्ट के बाद बजट खर्च के प्रतिशत में कुछ वृद्धि होगी और वही वास्तविक आंकड़ा होगा।