सीएम योगी व राज्यपाल राम नाईक ने आलिया को सम्मानित किया।
- फोटो : amar ujala
स्वतंत्रता सेनानी बाल गंगाधर तिलक के अमर उद्घोष के स्मृति समारोह के मौके पर गीता पर गायन व भाषण प्रतियोगिता हुई थी। गायन प्रतियोगिता में मेरठ की आलिया को दूसरा स्थान मिला।
आलिया की चर्चा करते हुए योगी ने कहा कि उसका मजहब इस्लाम है, लेकिन उसने जिस लय के साथ गीता का गायन किया, वह सराहनीय है। यह उन पाखंडियों की आंखें खोलने वाला है जो देश और समाज को धर्म व मजहब के नाम पर बांट रहे हैं।
आलिया ने जब गीता गायन किया तो उस समय उसने भगवान श्रीकृष्ण की तरह ही अपना रूप बना रखा था।
योगी ने प्रतियोगिता में पहला स्थान पाने वाले गोरखपुर के पुनीष की भी तारीफ की। पुनीष नेपाल का रहने वाला है और गोरखपुर के गोरक्षनाथ संस्कृत विद्यालय से पढ़ाई कर रहा है।
योगी ने कहा कि श्रीमद्भगवद्गीता सरल संस्कृत में है। हर व्यक्ति अभ्यास कर इसे गा सकता है। इसे जितनी लय में गाएंगे, गीता उतनी सरस व सरल होती जाएगी।