साहित्य में और साहित्य के बाहर भी सत्ता, व्यवस्था और आडंबरों से जूझते रहे प्रसिद्ध साहित्यकार मुद्राराक्षस का सोमवार दोपहर निधन हो गया।
वे अगर कुछ दिन और जीवित रहते तो इसी माह की 21 तारीख को उनका जन्मदिवस मनता।
गंभीर रूप से बीमार होने के कारण पिछले एक-डेढ़ वर्ष के दौरान उन्हें कई बार अस्पतालों में भर्ती कराया गया, लेकिन वे बेहतर होकर घर लौट आते थे। इस बार संभवत: अस्पताल पहुंचने से पहले ही उनकी मौत हो गई।
सोमवार को वे घर पर ही थे। दोपहर में अचानक तबीयत बिगड़ी। सांस की तकलीफ पहले से ही थी, खांसी अचानक बढ़ गई। परिवारवाले आनन-फानन में उन्हें लेकर ट्रॉमा सेंटर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
उनकी अंत्येष्टि मंगलवार सुबह 11 बजे बैकुंठधाम में होगी। उनके निधन पर राज्यपाल राम नाईक, सीएम अखिलेश यादव, सपा सुप्रीमो मुलायम सिंह यादव समेत साहित्यकारों, संस्क़ृतिकर्मियों ने शोक जताया है।