लखनऊ। गाजीपुर के आजाद मार्केट स्थित हलवासिया पार्क में शुक्रवार सुबह श्रमिक संतोष (25) का शव मिला। वह मूलरूप से बिहार के मुजफ्फरपुर के निवासी थे। भैंसाकुंड में अंतिम संस्कार के दौरान कर्मचारियों ने संतोष के सिर पर चोट देखी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में ले लिया। संतोष के बड़े भाई जय नारायण ने अज्ञात पर हत्या की आशंका जताई है।
जय नारायण ने बताया कि संतोष और मां समुद्र देवी कई वर्षों से हलवासिया पार्क के पास सड़क किनारे झोपड़ी में रहकर मजदूरी करते थे। एक माह पहले मां गांव गई थी। संतोष नशे के आदी थे और एक माह से अकेले रह रहे थे। शुक्रवार सुबह संतोष का शव पार्क में बेंच के नीचे मिला। आसपास खून बिखरा हुआ था। लोगों ने संतोष के दोस्तों को घटना की जानकारी दी।
दोस्त शव का अंतिम संस्कार कराने के लिए भैंसाकुंड पहुंचे। वहां शव नहलाते समय कर्मचारियों को भाई के सिर पर चोट के निशान और बहता हुआ खून दिखा। कर्मचारियों ने दोस्तों से पूछा तो वह कुछ बता नहीं सके। इस पर उन्होंने पुलिस को सूचना दी। इंस्पेक्टर राजेश मौर्य ने बताया कि शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की असली वजह सामने आएगी।