राज्य कर विभाग में पिछले दिनों महिला उत्पीड़न के मामले में सात अधिकारियों के निलंबन का मामला ठंडा भी नहीं पड़ा था कि इसी तरह की एक और शिकायत ने खलबली मचा दी है। इस बार ये आरोप राज्य कर विभाग के अपर आयुक्त व आईएएस अधिकारी पर विभाग की महिला अधिकारियों ने लगाए हैं।
मुख्यमंत्री को भेजे इस पत्र में शिकायत की गई है कि चार महीने से महिला अधिकारियों के साथ गुलामों जैसा व्यवहार किया जा रहा है। ये भी आरोप लगाए गए हैं कि आईएएस अधिकारी अभद्र शब्दों का प्रयोग करते हुए कहते हैं कि मेरी बात नहीं मानोगे तो तुम्हारी नौकरी खा जाउंगा और हाथ में कटोरा देकर नौकरी से निकलवा दूंगा।
पत्र में आईएएस अधिकारी पर यौन उत्पीड़न की श्रेणी में आने वाले गंभीर आरोप लगाते हुए शिकायत की गई है कि वे महिला अधिकारियों को अपने कार्यालय में बुलाकर घंटों खड़ा कर घूरते हैं। रात-रात भर महिला अधिकारियों को फोन और वीडियो कॉल करते हैं। महिला अफसरों को छुप-छुप कर देखते हैं और उनका वीडियो बनाते हैं। जो अधिकारी उनकी इस हरकत का विरोध करती है तो उसे किसी मामले में फंसाकर निलंबित करा देते हैं या सूचना लीक करने या कार्यवाही में लापरवाही का आरोप लगाकर फंसा देते हैं। फिर महिला अफसरों पर अनावश्यक दबाव बनाते हैं।
पत्र में महिला अफसरों ने गुहार लगाई है कि दुखी मन से इस पत्र को लिखने के लिए मजबूर होना पड़ा है क्योंकि एक तरफ सरकार ‘बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ’ अभियान चलाकर महिला सशक्तिकरण का अभियान चला रही है तो दूसरी तरफ एक आईएएस अधिकारी महिलाओं की अस्मिता को कुचल रहे हैं।