लखनऊ। राम मनोहर लोहिया अस्पताल की इमरजेंसी में इलाज कराने आई युवती व उनकी अधिवक्ता बहन की पिटाई और छेड़छाड़ किए जाने का आरोप लगा है। महिला अधिवक्ता ने विभूतिखंड थाने में महिला सफाईकर्मी, दो डॉक्टर सहित अन्य के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।
इंदिरानगर निवासी महिला अधिवक्ता के अनुसार, शनिवार शाम करीब सात बजे वह छोटी बहन को इमरजेंसी में दिखाने गई थीं।
वहां मौजूद नर्स उनकी बहन की नस में इंजेक्शन लगा रही थी। कई बार अलग-अलग जगह इंजेक्शन लगाया, लेकिन लगा नहीं पाई। इस वजह से उसके हाथ से कई जगह खून निकलने लगा। उन्होंने विरोध किया तो उनकी बहन की कमर के नीचे के हिस्से में इंजेक्शन लगा दिया गया। इससे उसे काफी दर्द हुआ।
इसकी शिकायत की बात कही गई तो छोटी बहन को महिला सुरक्षाकर्मी ने थप्पड़ मार दिया। इसके बाद दो डाॅक्टर व अन्य कर्मचारियों ने मिलकर दोनों बहनों को पीटा और उनके कपड़े तक फाड़ दिए।
वीडियो बनाने का प्रयास करने पर मोबाइल छीनकर तोड़ दिया गया। आरोप है कि मदद के लिए चौकी पहुंचीं तो वहां मौजूद दीवान जय प्रकाश उर्फ जेपी अभद्रता करने लगा।
सुनवाई न होने पर महिला अधिवक्ता ने अपने साथी वकीलों को बुला लिया। पुलिस व वकीलों के बीच नोकझोंक हुई। हालांकि पुलिस ने कार्रवाई करने का आश्वासन दिया तो मामला शांत हो गया। इंस्पेक्टर विभूतिखंड अमर सिंह ने बताया कि महिला अधिवक्ता की तहरीर पर महिला सुरक्षाकर्मी प्रीति, दो डॉक्टर और अन्य के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। पुलिस अस्पताल परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है।
महिला तीमारदार ने ड्यूटी पर तैनात स्टाफ नर्स से दुर्व्यवहार करते हुए हाथापाई की। इसके बाद तीमारदारों ने अन्य लोगों को भी बुला लिया और हंगामा किया। ड्यूटी पर तैनात सुरक्षा गार्ड के साथ भी हाथापाई की गई। इस संबंध में थाने में शिकायत दर्ज करा दी गई है। संस्थान की ओर से पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच भी कराई जा रही है। -प्रो. भुवन चंद्र तिवारी, प्रवक्ता, डॉ. राम मनोहर लोहिया संस्थान