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प्रीपेड मीटर छह माह से रिचार्ज नहीं, जला रहे बिजली

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छह माह से रिचार्ज नहीं कराया मीटर, फिर भी जला रहे बिजली
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लखनऊ। राजधानी में 3000 प्रीपेड मीटर बिजली कनेक्शन धारकों ने छह माह से रिचार्ज नहीं कराया है। बावजूद इसके इनके घर या दुकान में बिजली कैसे जल रही है, इसकी जांच के आदेश दिए गए हैं। ऐसे कनेक्शन धारकों की सूची लेसा के सिस व ट्रांस गोमती जोन के अधिशासी अभियंताओं को बृहस्पतिवार को भेजी गई है। अधिशासी अभियंताओं से कनेक्शन स्थल की जांच कराते हुए उपभोक्ता को नोटिस देकर छह माह तक रिचार्ज न कराने व बिजली कैसे जलाने का जवाब मांगने को कहा गया है।
मुख्य अभियंता (वाणिज्य) अशोक कुमार के मुताबिक निरालानगर निवासी प्रीपेड कनेक्शन धारक मोहम्मद हाफिज के घर की 16 जुलाई को जांच कराई गई तो पाया गया कि वह मीटर से पहले केबल काट कर सीधे बिजली जला रहा था। इसके बाद प्रीपेड मीटर के कनेक्शनों की जांच कराई तो पता चला कि 8727 में से 3000 कनेक्शन धारकों ने बीते छह माह से मीटर रिचार्ज ही नहीं कराया है। अंदेशा है कि ये उपभोक्ता प्रीपेड मीटर से पहले केबल काट कर बिजली चोरी कर रहे हैं। अब अधिशासी अभियंता ऐसे कनेक्शनों की जांच कराएंगे। सवाल करेंगे कि छह तक बिजली कैसे जलाई।
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मीटर से पहले काट दिया केबल
अब तक जितने प्रीपेड मीटर कनेक्शनों की जांच की गई उनमें उपभोक्ता प्रीपेड मीटर से पहले केबल काटकर सीधे बिजली चोरी करते मिले। ऐसे उपभोक्ताओं की बिजली काटने के बाद उनके खिलाफ बिजली चोरी का मुकदमा दर्ज कराया गया है।
इंजीनियरों पर जांच का जिम्मा
यूपी पावर कॉर्र्पोरेशन ने प्रीपेड बिजली कनेक्शन देने की योजना शुरू की थी तो इसकी जांच का जिम्मा खंडीय इंजीनियरों को सौंपा था। इसमें यदि प्रीपेड मीटर से बिजली कनेक्शन लेने वाला उपभोक्ता एक महीना भी रिचार्ज नहीं करा रहा तो अधिशासी अभियंता, उपखंड अधिकारी एवं अवर अभियंता को मौका मुआयना करके उसकी जांच करनी था। पर, लेसा के इंजीनियर उच्च अफसरोें के आदेश पर भी अमल नहीं कर रहे। जो काम अधिशासी अभियंता को करना था, वह मध्यांचल निगम के अफसर कर रहे हैं। लापरवाही बरतने वाले अभियंता मुस्तैद होते हो तीन हजार प्रीपेड कनेक्शन धारक रिचार्ज किए बिना बिजली नहीं जला पाते।
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सांठगांठ से कर रहे बिजली चोरी
प्रीपेड मीटर कनेक्शन धारक उपकेंद्र के कर्मचारियों से सांठगांठ कर बड़े पैमाने पर बिजली चोरी कर रहे हैं। सूत्र बताते हैं कि कर्मचारी 500 से 1000 रुपये का हफ्ता लेकर बिजली चोरी करवा रहे हैं। यह कर्मी ही प्रीपेड मीटर से पहले सर्विस केबल को काट करके बिजली सप्लाई को डायरेक्ट कर रहे हैं। मध्यांचल निगम के प्रबंध निदेशक ने बिजली चोरी पकड़ने का लक्ष्य दिया तो अब प्रीपेड मीटर कनेक्शन धारक पकड़े जा रहे हैं।
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जांच में बिजली चोरी का खुलासा
एसडीओ एवं जेई की जांच में प्रीपेड मीटर कनेक्शन धारकोें के द्वारा केबल काट कर बिजली चोरी के करने का खुलासा हुआ है। जिन प्रीपेड कनेक्शन धारकों ने छह माह से रिचार्ज नहीं कराया है, उनकी जांच शुरू कराई है।
- संजय गोयल, प्रबंध निदेशक मध्यांचल विद्युत वितरण निगम
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