फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Lucknow News: जान गई तो जागे जिम्मेदार, जांच करके लौटे खाली हाथ

विज्ञापन
पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबं​धित मांझे की जांच करती पुलिस टीम।  - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
लखनऊ। खतरनाक मांझे से युवक की जान जाने के बाद जिम्मेदार जागे हैं। हैदरगंज पुल के पास मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव शोएब की मांझे की चपेट में आने से मौत की खबर बुधवार को ही शहर ही नहीं प्रदेश भर में फैल गई। बुधवार को ही प्रतिबंधित मांझा बनाने, बेचने और खरीदने वाले सतर्क हो गए। इसके बाद बृहस्पतिवार को पुलिस ने जांच अभियान चलाया और तमाम दुकानों की जांच के बाद खाली हाथ लौटे।
विज्ञापन

जेसीपी (एलओ) बबलू कुमार ने दावा किया है कि पुलिस पहले भी प्रतिबंधित मांझे के खिलाफ अभियान चल चुकी है। अब इस हादसे के बाद सभी थानेदारों को तीन दिन तक बड़े पैमाने पर जांच करने का आदेश दिया है। जेसीपी ने जांच के समयसीमा भी तय कर दी जिससे प्रतिबंधित मांझा के कारोबारियों को पता रहे कि उन्हें अपना माल कब तक अंडरग्राउंड रखना है।

फिलहाल, जेसीपी के आदेश के बाद बृहस्पतिवार को सभी थानेदार सक्रिय नजर आए। पुराने लखनऊ के बाजारखाला, सआदतगंज, चौक, ठाकुरगंज और वजीरगंज इलाके में पुलिस ने पतंग की दुकानों की जांच की। डीसीपी पश्चिम विश्वजीत श्रीवास्तव और एडीसीपी पश्चिम धनंजय कुशवाहा ने खुद बाजारखाला इलाके में पतंग की दुकानों में जांच की।
विज्ञापन

डीसीपी ने बताया कि जांच में किसी भी दुकान पर प्रतिबंधित मांझा या अन्य कोई आपत्तिजनक वस्तु नहीं मिली। शहर के अन्य कई इलाकों में भी पुलिस ने जांच की, लेकिन कहीं कुछ नहीं मिला।



घटनास्थल का मुआयना, दुकानदारों से पूछताछ

मांझे की चपेट में आने से हुई शोएब की मौत के मामले में बाजारखाला पुलिस ने विवेचना शुरू कर दी है। बृहस्पतिवार को डीसीपी व अन्य अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को भी देखा। घटना के चश्मदीदों व शोएब को अस्पताल पहुंचाने वाले लोगों के बारे में भी पता लगाया जा रहा है। पुलिस ने पतंग के कुछ दुकानदारों से भी घटना के संबंध में बातचीत भी की, पर कुछ खास जानकारी नहीं मिली। इस मामले में शोएब की पत्नी फौजिया की तहरीर पर बुधवार रात अज्ञात लोगों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज किया गया था। सूत्र बताते हैं कि इस मामले में आरोपी तक पहुंचना मुश्किल है। पतंग कौन उड़ा रहा था, मांझा किधर से आया, यह पता करना आसान नहीं है।

चश्मदीद हर्षित बोले... पुल पर चढ़ने से डर लग रहा

शोएब के साथ हुए हादसे के चश्मदीद हैदरगंज निवासी हर्षित श्रीवास्तव दहशत में हैं। उन्होंने बताया कि बुधवार की घटना के बाद से वह किसी पुल पर नहीं चढ़ रहे। अब डर लग रहा है। बताया कि बुधवार को वह पारा स्थित अपने ससुराल जा रहे थे। रास्ते में शोएब को खून से लथपथ पड़ा देखा। कुछ लोग उन्हें ई ऑटो से अस्पताल लेकर जा रहे थेे। उन्होंने ही शोएब की बाइक उठाकर सड़क किनारे की। हर्षित बताते हैं कि हादसे के बाद से वह भी दहशत में हैं। अपनी गर्दन बचाने के लिए मफलर लपेट रखा है।

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

पुराने शहर इलाके में पतंग की दुकानों पर प्रतिबंधित मांझे की जांच करती पुलिस टीम। - फोटो : अमर उजाला

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें