शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि बेटा नेताजी (मुलायम सिंह यादव) के साथ रहे न रहे, हम आखिरी सांस तक उनके साथ रहेंगे। हमने रामगोपाल द्वारा बुलाए गए असंवैधानिक सम्मेलन की जानकारी निर्वाचन आयोग को दे दी है। रविवार को पार्टी के ताजा घटनाक्रम से उपजे तनाव भरे माहौल के बावजूद शिवपाल पिछले वर्षों की तरह मीडियाकर्मियों के साथ एक होटल में नए साल के जश्न में शरीक हुए।
इस दौरान पत्रकारों से अनौपचारिक बातचीत में उन्होंने कई सवालों के जवाब दिए-
बर्खास्तगी पर आपकी प्रतिक्रिया?
उनकी सारी कार्यवाही असंवैधानिक है। हम प्रदेश अध्यक्ष हैं, नेताजी राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। सम्मेलन पूरी तरह से असंवैधानिक है। बताएं, हमारे एक भी जिलाध्यक्ष को सूचना भेजी क्या? क्या आपको कोई जिलाध्यक्ष दिखाई पड़ा? वही लोग थे, जो नारे लगाते हैं?
उनके प्रदेश अध्यक्ष ने पार्टी दफ्तर पर कब्जा भी कर लिया?
वे सब कुछ गलत कर रहे हैं, क्या कहूं। कुछ दिनों में सब ठीक हो जाएगा।
राष्ट्रीय अध्यक्ष पद से मुलायम सिंह को भी हटा दिया है?
उनके हटाने का कोई मतलब नहीं है। उन्होंने नेताजी का संघर्ष नहीं देखा। उन्होंने कैसे पार्टी खड़ी की है। लोकतंत्र लोकलाज से चलता है। ऐसा कोई काम नहीं होना चाहिए जिससे जनता में समाजवादियों की छवि खराब हो। (हंसते हुए) बेटा नेताजी के साथ रहे न रहे, हम आखिरी सांस तक नेताजी के साथ हैं।
'समय आने पर सब चीजें साफ हो जाएंगी'
फाइल फोटो
क्या आपने चुनाव आयोग को कोई पत्र भेजा है?
हां, फैक्स कर दिया है और मेल भी। सोमवार को नेताजी (मुलायम सिंह) दिल्ली जा रहे हैं। हम भी उनके साथ जाएंगे। खुद भी दस्तावेज सौंप देंगे। पार्टी के संविधान के मुताबिक विशेष अधिवेशन बुलाने का अधिकार केवल राष्ट्रीय अध्यक्ष को है।
31 दिसंबर को आपकी बैठक में विधायकों, प्रत्याशियों की संख्या काफी कम रही?
वक्त-वक्त की बात है। उन्होंने (अखिलेश यादव ने) उन्हें एंगेज कर लिया था। हमारे साथ कम से कम 100 विधायक हैं। समय आने पर सब चीजें साफ हो जाएंगी। फिर प्रत्याशी अखिलेश और रामगोपाल की पसंद के भी तो हैं।
क्या कुछ उम्मीदवार बदले जाएंगे?
वक्त आएगा तो देखा जाएगा।
वे आप पर और अमर सिंह पर नेताजी को कैप्चर करने के आरोप लगा रहे हैं?
वे कुछ भी कहते रहें, आप सब जानते हैं। अमर सिंह तो लंदन में थे। नेताजी ने उन्हें बुलाया है। वह कल तक पहुंच जाएंगे।
पार्टी का सिंबल सीज हुआ तो...?
हमें विश्वास है ऐसा नहीं होगा। सिंबल नेताजी के पास रहेगा। वहीं राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं और रहेंगे।
नेताजी के आवास के बाहर सिक्योरिटी बढ़ा दी गई है, क्या उनसे आपका मिलना भी मुश्किल हो जाएगा?
(हंसते हुए) उनके चाहने से सब कुछ नहीं होगा। नेताजी ने 5 जनवरी को राष्ट्रीय सम्मेलन बुलाया है। इसमें कुछ गड़बड़ी कराई जा सकती है।