गोंडा। जल जीवन मिशन के तहत गांवों में आर्सेनिक पानी पी रहे ग्रामीणों को शीघ्र ही शुद्ध पानी पीने को मिलेगा। 846 ग्राम पंचायतों के 1261 राजस्व गांवों के करीब 87 हजार लोगों को शुद्ध पानी उपलब्ध कराने के लिए 268 पाइप्ड पेयजल परियोजनाओं की स्वीकृति प्रदान की गई है। परियोजनाओं पर 885 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इन परियोजनाओं के निर्माण की जिम्मेदारी लार्सन एंड टर्बों कंपनी को मिली है।
गुरुवार को जानकारी देते हुए जिलाधिकारी मार्कंडेय शाही ने बताया कि 885 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले 268 पाइप्ड पेयजल परियोजनाओं की स्वीकृति उन्होंने प्रदान कर दी है। 846 ग्राम पंचायतों के 1261 राजस्व ग्रामों में पेयजल सुविधा पहुंचाई जाएगी। बताया कि जल जीवन मिशन कार्यक्रम के अंतर्गत 2640 बस्तियों की 860976 आबादी को पेयजल की आपूर्ति हो सकेगी।
इसके अलावा अमृत योजना अंतर्गत नगर पालिका परिषद गोंडा में गृह जल संयोजन कार्य के तहत 7936 घरों में कनेक्शन दिया गया है, तथा 13.50 किलोमीटर पेयजल वितरण प्रणाली बिछाने का कार्य किया जा चुका है। बताया कि स्वीकृत परियोजनाओं को पूरा करने का लक्ष्य वर्ष 2024 निर्धारित किया गया है, तथा पेयजल परियोजनाओं के निर्माण के लिए मेसर्स लार्सन एंड टुब्रो, चेन्नई को कार्यदाई संस्था बनाया गया है। पेयजल परियोजनाओं के निर्माण के लिए 846 ग्राम पंचायतों के सापेक्ष 698 नग ग्राम पंचायतों में भूमि उपलब्ध करा दी गई है तथा शीघ्र परियोजनाओं के निर्माण का कार्य शुरू होगा।