उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मस्जिदों और वक्फ संपत्तियों को लेकर सरकार की नीतियों के बारे में गलत सूचना फैलाने पर विपक्ष को निशाने पर लिया। उन्होंने विपक्ष के इरादों पर सवाल खड़ा किया। पूछा कि वे वक्फ के नाम पर कितनी जमीन लेने की योजना बना रहे हैं। क्या विपक्ष ने वक्फ संपत्तियों का उपयोग करके कभी कोई कल्याणकारी पहल की? मस्जिदों पर कब्जा करके भाजपा क्या करेगी? विपक्ष लोगों को गुमराह करने की कोशिश कर रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा का लक्ष्य वक़्फ संपत्तियों को अतिक्रमण और दुरुपयोग से मुक्त कराना है। साथ ही उस समुदाय के कल्याण के लिए उनका उपयोग सुनिश्चित करना है। सरकार वक़्फ संपत्तियों के प्रबंधन में अधिक पारदर्शिता और जवाबदेही के लिए जोर दे रही है, जो मुस्लिम समुदाय की सेवा के लिए है। उन्होंने वक़्फ संशोधन विधेयक को अपना समर्थन दिया। कहा कि यह देश और मुस्लिम समुदाय के लाभ के लिए आवश्यक है।
मुख्यमंत्री ने वक्फ बोर्ड के भूमि अधिग्रहण के अधिकार पर सवाल खड़ा किया। कहा कि उन्होंने सरकारों को ब्लैकमेल करने के लिए अपनी शक्ति का दुरुपयोग किया है। बिना किसी औचित्य के संपत्तियों और सार्वजनिक भूमि पर कब्जा किया गया है। वे लोग संपत्ति की तलाश करते थे, फिर सरकारों को ब्लैकमेल करते थे। वक्फ के नाम पर कई गलत निर्णय लिए गए हैं। खासकर वक्फ जो कहता है कि यह जमीन उनकी है। यह कौन सा देश है? आपको यह शक्ति किसने दी है? क्या आप किसी संपत्ति पर कब्जा करेंगे? क्या आप किसी जगह पर कब्जा करेंगे? क्या आप किसी सार्वजनिक भूमि पर कब्जा करेंगे? ऐसा नहीं हो सकता है।