रायबरेली। सुल्तानपुर में सराफ डकैती कांड में जिस विपिन सिंह का नाम सामने आया है, उसका नेटवर्क यूपी से लेकर गुजरात तक फैला हुआ है। विपिन और उसके गिरोह के लोग ज्यादातर सोना और बैंक लूट की वारदात को अंजाम देते रहे हैं। सुल्तानपुर की डकैती में विपिन का नाम सामने आने के बाद उसका आपराधिक इतिहास भी सामने आने लगा है।
अगस्त, 2023 में गुजरात में सूरत के वांजगांव स्थित बैंक ऑफ महाराष्ट्र में विपिन ने अमेठी के मोहनगंज थाना क्षेत्र के आशरपुर गांव निवासी अरबाज खान, जेनापुर गांव निवासी अनुज प्रताप सिंह, पूरे चंदई चिलूली गांव निवासी कुरकान अहमद के साथ मिलकर दिनदहाड़े 13.50 लाख रुपये की लूट की थी। इसके बाद वह साथियों के साथ रायबरेली भाग आया था, जहां से सूरत की क्राइम ब्रांच की टीम ने चारों आरोपियों को पकड़ा था। दो माह पहले ही विपिन सूरत की जेल से छूटकर आया था।
विपिन फतेहपुर में बैंक लूट और लखनऊ में सोना लूट की घटना को भी अंजाम दे चुका है। विपिन अमेठी के मोहनगंज थाने का हिस्ट्रीशीटर है। पुलिस के मुताबिक, विपिन और उसके साथी यूपी के अलावा गुजरात समेत कई राज्यों में सक्रिय हैं। सुल्तानपुर की घटना में विपिन का नाम सामने आने और पुलिस व एसटीएफ की सख्ती बढ़ने पर विपिन ने रायबरेली गैंगस्टर कोर्ट में बृहस्पतिवार को सरेंडर कर दिया था।
सबसे ज्यादा मुकदमे रायबरेली में
विपिन अमेठी के मोहनगंज थाना क्षेत्र के भवानी नगर का रहने वाला है, लेकिन उसके खिलाफ सबसे ज्यादा मुकदमे रायबरेली में दर्ज हैं। पुलिस की मानें तो विपिन के खिलाफ सदर कोतवाली के अलावा सरेनी, सलोन, खीरों थाने में चोरी, मारपीट के कुल सात मुकदमे दर्ज हैं। वहींं, अमेठी थाने में चोरी का एक मामला दर्ज होने की बात सामने आई है।
किराये के मकान में रहता था विपिन
सुल्तानपुर की डकैती की घटना के बाद चर्चा में आए हिस्ट्रीशीटर विपिन सिंह के रायबरेली के गोरा बाजार और प्रगतिपुरम कॉलोनी में किराये के मकान में रहने की बात सामने आई थी। सुल्तानपुर या फिर रायबरेली पुलिस ने जब विपिन के किराए के मकान के बारे में जानने का प्रयास किया तो उसकी लोकेशन नहीं मिल सकी। शुक्रवार की शाम सुल्तानपुर की पुलिस टीम ने रायबरेली शहर के गोरा बाजार व प्रगतिपुरम कॉलोनी में जाकर लोगों से विपिन के बारे में जानकारी जुटानी चाही, लेकिन सफलता नहीं मिली।
किसान का बेटा है विपिन
अमेठी के भवानी नगर के एक किसान का बेटा विपिन जरायम की दुनिया का नाम बन जाएगा, यह किसी ने सोचा नहीं था। विपिन अपराध की दलदल में एक बार कूदा तो फिर उससे कभी बाहर नहीं आ सका।
सद्दन गैंग से तार जुड़े होने की आशंका, घर हो चुका कुर्क
जिस गोरा बाजार में किराए के मकान में विपिन के रहने की बात सामने आई है, वहीं रायबरेली शहर के हिस्ट्रीशीटर सद्दन घोसी का घर है। उसका गैंग भी सदर कोतवाली में पंजीकृत है। उसके घर की कुर्की भी हो चुकी है। ऐसे में पुलिस पता लगा रही है कि कहीं विपिन के तार सद्दन गैंग से तो नहीं जुड़े हैं।