कर्मचारियों के लिए सामूहिक बीमा योजना, वाहन चालकों को एक महीने का अतिरिक्त वेतन, महिलाओं के लिए 180 दिन का प्रसूति अवकाश, 18 वर्ष की आयु तक संतान की बीमारी या परीक्षा जैसे विशिष्ट परिस्थितियों में देखभाल के लिए दो वर्ष का बाल्य देखभाल अवकाश।
अवकाश यात्रा में अब न्यूनतम 7 दिन का ही अर्जित अवकाश
गत वर्षों में सभी कर्मियों को अवकाश यात्रा के लिए हवाई सुविधा दे दी गई थी। कमेटी ने इस सुविधा का हवाला देते हुए अवकाश यात्रा के दौरान अर्जित अवकाश न्यूनतम 15 दिन से घटाकर 7 दिन करने की सिफारिश की है। इतने ही दिनों के अवकाश नकदीकरण की सिफारिश भी की गई है।
कर्मचारियों को संस्तुतियों के खुलासे का इंतजार
वेतन समिति की चेयरमैन रही वृंदा सरुप ने अपनी सिफारिशें सरकार को सौंप दी हैं। वित्त विभाग ने सिफारिशें के परीक्षण का काम शुरू कर दिया है। अब निर्णय कैबिनेट को लेना है। मुख्य सचिव राजीव कुमार ने कर्मचारियों को सिफारिशों पर एक माह में निर्णय लेने का आश्वासन दिया है। कर्मियों को इसका बेसब्री से इंतजार है।
राज्य वेतन समिति ने प्रदेश के सरकारी कर्मचारियों के एचआरए के लिए शहरों व स्थानों को नए सिरे से वर्गीकृत किया है। समिति ने सभी जिला मुख्यालयों को, जो श्रेणी ‘अ’ के नगरों में नहीं हैं, श्रेणी ‘ब’ में रखे जाने की सिफारिश की है। एचआरए दो से तीन गुना तक बढ़ाने की सिफारिश की गई है।
श्रेणी अ : 2011 की जनगणना के अनुसार वे नगर जिनकी जनसंख्या 5 लाख या इससे ऊपर है।
श्रेणी ब : जनसंख्या 50 हजार से अधिक, लेकिन 5 लाख से कम।
श्रेणी स : अवर्गीकृत
प्रस्तावित मकान किराया भत्ता (रुपये में)
मैट्रिक्स लेवल--श्रेणी ‘अ’ के नगर--श्रेणी ब के नगर--श्रेणी स अवर्गीकृत
1--2160--1440--720
2--2390--1600--800
3--2600--1740--870
4--3060--2040--1020
5--3500--2340--1170
6--4250--2840--1420
7--5390--3600--1800
8--5710--3810--1910
9/10--6730--4490--2250
11--8120--5420--2710
12--9460--6310--3160
13--14770--9850 4930--13-क --15730--10490--5250
14--17300--11540--5770
15--21860--14580--7290
16--24650--16440--8220
17--27000--18000--9000
बड़ी संख्या में ऐसे कर्मचारी हैं, जिन्हें अपने कार्यक्षेत्र के अंदर की जाने वाली यात्राओं के लिए स्थायी मासिक भत्ता (नियत यात्रा भत्ता) दिया जाता है। इसमें तीन गुना वृद्धि की सिफारिश की गई है। सिफारिशें स्वीकार होने पर 100 रुपये वाले 300, 200 रुपये वाले 600, 300 रुपये वाले 900 और 400 रुपये वाले 1200 रुपये पा सकेंगे।
यात्रा भत्ता: देश के भीतर कौन किस श्रेणी की यात्रा का हकदार
- लेवल-15 व इससे ऊपर हवाईजहाज में एग्जीक्यूटिव क्लास
- लेवल-14 व 13 (क) हवाईजहाज का इकोनॉमी क्लास/रेल का एसी कोच/शताब्दी/राजधानी एक्सप्रेस का एग्जीक्यूटिव क्लास
- लेवल-13 व 12 रेल का एसी कोच तथा 500 किमी. से अधिक की यात्र पर हवाईजहाज का इकोनॉमी क्लास अथवा शताब्दी/राजधानी एक्सप्रेस का एग्जीक्यूटिव क्लास
- लेवल-9 से 11 रेल का एसी कोच (द्वितीय श्रेणी)/टू टियर अथवा शताब्दी/राजधानी एक्सप्रेस में एसी कुर्सीयान
- लेवल-6 से 8 रेल का एसी कोच (थ्री टियर)/ एसी कुर्सीयान (राजधानी एक्सप्रेस को छोड़कर)
- लेवल-6 से कम रेल की द्वितीय श्रेणी (शयनयान)
विदेश यात्रा के लिए
- लेवल-17 वायुयान की प्रथम श्रेणी लेवल-15 व लेवल-16 वायुयान की बिजनेस/क्लब क्लास
- शेष अन्य सभी लेवल- वायुयान की इकोनॉमी/सामान्य श्रेणी।
‘क’ वर्ग के नगर : कानपुर, लखनऊ, आगरा, वाराणसी, इलाहाबाद, बरेली, गोरखपुर, मेरठ, नोएडा क्षेत्र (गौतमबुद्धनगर) और गाजियबाद। यहां लेवल-13 व इससे ऊपर वालों को 700, लेवल 9 से 12 तक 630 रुपये, लेवल-7 व 8 के लिए 540 रुपये, लेवल 5 व 6 के लिए 450 रुपये तथा लेवल-5 से कम को 295 रुपये मिलेंगे। पहले इस श्रेणी में अधिकतम 465 और न्यूनतम 195 रुपये मिलते थे।
‘ख’ वर्ग के नगर : मुरादाबाद, अलीगढ़, झांसी, सहानरपुर, मथुरा, रामपुर, मिर्जापुर, शाहजहांपुर, फैजाबाद, फिरोजाबाद, मुजफ्फरनगर व फर्रुखाबाद। यहां लेवल-13 व इनसे ऊपर वालों को 565 रुपये, लेवल 9 से 12 तक 495, लेवल-7 व 8 के लिए 430, लेवल 5 व 6 के लिए 360 तथा लेवल-5 से कम 225 रुपये मिलेंगे। पहले इस श्रेणी में अधिकतम 375 और न्यूनतम 150 रुपये मिलते थे।
अन्य स्थानों के लिए : यहां लेवल-13 व इनसे ऊपर वालों को 450, लेवल 9 से 12 तक 405, लेवल-7 व 8 के लिए 360, लेवल 5 व 6 के लिए 295 रुपये तथा लेवल-5 से कम 180 रुपये मिलेंगे। पहले इस श्रेणी में अधिकतम 300 और न्यूनतम 120 रुपये मिलते थे।
‘क’ वर्ग के नगरों में लेवल-9 या इससे ऊपर वाले कर्मियों को अन्य होटल या गेस्टहाउस में ठहरने पर विशेष भत्ता मिलेगा। लेवल-13 या इससे उच्च स्तर पर 2500 तथा लेवल 9 से 12 तक 2000 रुपये मिल सकेगा। अभी यह क्रमश: 1200 व 900 रुपये है।
- प्रदेश सरकार अथवा सार्वजनिक उपक्रमों व निगमों केगेस्टहाउस में ठहरने पर वास्तविक खर्च की प्रतिपूर्ति की जाएगी। इसके लिए रसीद देना होगा।
- बिना बाउचर रसीद के भी दैनिक भत्ता मिलेगा। इसमें लेवल-13 व इनसे ऊपर वालों को 700, लेवल 9 से 12 तक 630 रुपये, लेवल-7 व 8 के लिए 540 रुपये, लेवल 5 व 6 के लिए 630 रुपये तथा लेवल-5 से कम 295 रुपये मिलेंगे। सरकारी गेस्ट हाउस में रहने पर ठहरने के वास्तविक व्यय की प्रतिपूर्ति की जाएगी। बशर्ते बाउचर, रसीद लगाई गई हो।
- जहां सरकारी गेस्ट हाउस, संस्थान न हों यदि वहां किसी होटल या गेस्टहाउस में ठहरने व भोजन की व्यवस्था पर केंद्र सरकार के कर्मचारियों के समान दैनिक भत्ता मिलेगा। इसमें लेवल-14 व इससे ऊपर वालों को 7500 रुपये के अलावा शहर के अंदर एसी टैक्सी का चार्ज व 1200 रुपये भोजन खर्च। लेवल 12 से 13 तक 4500 रुपये के अलावा शहर के अंदर एसी टैक्सी का चार्ज 50 किमी. तक व 1000 रुपये भोजन खर्च। लेवल 9 से 11 तक 2250 रुपये के अलावा शहर के अंदर साधारण टैक्सी का चार्ज 338 रुपये तक व 900 रुपये भोजन खर्च।
- लेवल 6 से 8 तक 750 रुपये के अलावा शहर के अंदर साधारण टैक्सी का चार्ज 225 रुपये तक व 800 रुपये भोजन खर्च। लेवल 5 व उससे कम के लिए 450 रुपये के अलावा शहर के अंदर साधारण टैक्सी का चार्ज 113 रुपये तक व 500 रुपये भोजन खर्च।
अतिरिक्त दैनिक भत्ता
महालेखाकार इलाहाबाद व लखनऊ कार्यालयों में लेखा संबंधी कार्य तथा हाईकोर्ट लखनऊ व इलाहाबाद में सरकारी मुकदमों की पैरवी से संबंधित कार्य के लिए दिया जाने वाला अतिरिक्त दैनिक भत्ता 100 रुपये की जगह 200 रुपये देने की सिफारिश।