ख्वाजा मुईनुद्दीन चिश्ती, उर्दू अरबी-फारसी विश्वविद्यालय अपनी छवि को और बेहतर करने के कई प्रयास कर रहा है। इस क्रम में विवि प्रशासन यूके की वेल्स यूनिवर्सिटी व ब्रूनेई यूनिवर्सिटी के साथ स्टूडेंट एक्सचेंज करेगा।
इसके लिए विवि ने उक्त यूनिवर्सिटी के साथ एमओयू किया है। जुलाई में नए सत्र 2018-19 की शुरूआत के साथ ही शिक्षक व छात्रों का आदान-प्रदान शुरू हो जाएगा।
वेल्स यूनिवर्सिटी से जहां मास कम्युनिकेशन, मैनेजमेंट व कॉमर्स विषयों के लिए शिक्षक-छात्रों का आदान-प्रदान होगा। वहीं ब्रूनेई यूनिवर्सिटी से अरेबिक विषय में शैक्षणिक आदान-प्रदान किया जाएगा।
विवि प्रशासन जल्द ही इससे जुड़ा एक प्रस्ताव अपनी कार्य परिषद में सैद्धांतिक सहमति के लिए ले जाएगा। वहीं नए सत्र 2018-19 में प्रवेश के लिए ज्यादा से ज्यादा विद्यार्थियों को आकर्षित करने के लिए भी विवि प्रशासन कई प्रयास कर रहा है।
एक तरफ विवि द्वारा पूरे शहर में प्रमुख स्थानों पर बड़े-बड़े पोस्टर लगाए जा रहे हैं। वहीं इंटर कॉलेजों में भी जाकर प्रचार-प्रसार किया जा रहा है।
कुलपति प्रो. माहरूख मिर्जा ने बताया कि प्रवेश के लिए ऑनलाइन व ऑफलाइन आवेदन चल रहे हैं। केनरा बैंक की सभी शाखाओं से प्रवेश आवेदन मिल रहे हैं। विवि ने प्रवेश आवेदन शुल्क कम किया है।
एमबीए व एमए की फीस भी कम करने का प्रस्ताव है। हम सभी इंटर कॉलेजों में जाकर विद्यार्थियों से संपर्क कर रहे हैं और विवि की व्यवस्था व सुविधाओं की जानकारी दे रहे हैं। प्रयास है कि गत वर्ष की अपेक्षा विद्यार्थियों की संख्या बढ़े।