लखनऊ। सरोजनीनगर तहसील में शनिवार को संपूर्ण समाधान दिवस के दौरान अलीनगर खुर्द के ग्रामीणों ने ओमेक्स सिटी प्रबंधन पर जमीन पर जबरन कब्जा करने का आरोप लगाते हुए प्रदर्शन किया। उत्तर प्रदेश क्रांति किसान यूनियन के बैनर तले हुए इस प्रदर्शन में ग्रामीणों ने आबादी में बने मकानों को खाली करने के दबाव की भी शिकायत की।
यूनियन के प्रदेश अध्यक्ष विजय यादव ने चेतावनी दी कि अगर 15 दिनों में मामले का निस्तारण नहीं हुआ तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा। ग्रामीणों ने किसान पथ की सर्विस सड़क पर प्रकाश व्यवस्था न होने पर भी नाराजगी जताई। करीब एक घंटे तक चले हंगामे के बाद एसडीएम अंकित शुक्ला ने मामले की जांच कर कार्रवाई का आश्वासन देकर लोगों को शांत कराया। वहीं, शाहपुर मझिगवां के ग्रामीणों ने भी बंजर भूमि पर अवैध कब्जे की शिकायत दर्ज कराई।
मोहनलालगंज : मजदूरी, खतौनी और जमीन से जुड़े मामले उठे
मोहनलालगंज तहसील में मजदूरी, खतौनी और जमीन कब्जे से जुड़े कई मामले सामने आए। निगोहां क्षेत्र की प्रिया ने 35 हजार रुपये मजदूरी न मिलने और गाली-गलौज व मारपीट की धमकी का आरोप लगाया। दहियर के अनिल कुमार पांडे ने खतौनी में गलत अंश दर्ज होने की शिकायत की। प्रतापगढ़ की रीता देवी ने रायभान खेड़ा गांव में अपनी जमीन पर कब्जा करने का आरोप लगाया, जबकि नगराम के मैकू ने करीब 19.95 लाख रुपये की ठगी और जान से मारने की धमकी की शिकायत की।
जिलाधिकारी ने सदर में सुनीं शिकायतें
जिलाधिकारी विशाख जी ने सदर तहसील में जनसुनवाई की, जहां उन्होंने 73 मामलों में से 26 का निस्तारण कराया। उन्होंने मातहतों को निर्देश दिए कि शेष मामलों को एक हफ्ते के अंदर निस्तारित किया जाए।
तहसीलवार स्थिति
जिले की पांचों तहसीलों में कुल 521 शिकायतें दर्ज की गईं, जिनमें से 102 का मौके पर निस्तारण किया गया। सदर तहसील में 73 में से 26 मामलों, मलिहाबाद में 72 में से छह, बीकेटी में 99 में से 20, मोहनलालगंज में 160 में से 36, सरोजनीनगर में 117 में से 14 शिकायतों का मौके पर निस्तारण किया गया। इस दौरान एडीएम वित्त एवं राजस्व राकेश सिंह, उप जिलाधिकारी मनोज सिंह और तहसीलदार जेपी सिंह सहित कई विभागों के अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे।
सरोजनीनगर में समाधान दिवस।