एक्सप्रेसवे पर टोल वसूली 19 जनवरी 2018 से शुरू हुई थी। शुरुआती दौर में यूपीडा ने ठेके के लिए 274 करोड़ रुपये की वार्षिक राशि तय की थी। वर्ष 2020 में सहकार ग्लोबल लिमिटेड को पहले साल के लिए 402.39 करोड़ रुपये का ठेका मिला। दूसरे साल 10 फीसदी वृद्धि के बाद यह राशि करीब 442.63 करोड़ रुपये हो गई।
इसके बाद नवंबर 2024 में हुई वित्तीय बोली में श्री साईं एंटरप्राइजेज की 555.67 करोड़ रुपये की बोली सबसे अधिक रही। इस ठेके में भी दूसरे साल 10 फीसदी वृद्धि का प्रावधान था। इस हिसाब से दूसरे साल की रकम करीब 611.24 करोड़ रुपये बैठती है।
नए टेंडर में दो मुख्य टोल प्लाजा, 15 रैंप प्लाजा और बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के साथ एक जंक्शन शामिल है। कुल 120 लेन पर टोल संचालन किया जाना है। इसके साथ 10 पेट्रोलिंग-कम-सेफ्टी वाहन भी तैनात करने होंगे।