ब्लड बैंक ले जाकर जबरन खून निकलवाने का आरोप
पीड़ित के परिवार के मुताबिक, बाद में नेवल ने बताया कि उसे लखनऊ के एक ब्लड बैंक ले जाया गया, जहां कथित तौर पर जबरन उसका खून निकलवाया गया। इसके बाद उसे सदर इलाके के एक मकान में बंधक बनाकर मजदूरी कराने का आरोप है।
2799 रुपये लेने के बाद मांगे 12,500 रुपये
जदूराई के मुताबिक, नेवल को बंधक बनाए जाने के बाद आरोपियों ने उसके बड़े बेटे राजकुमार को फोन किया और मोबाइल की किस्त के नाम पर 2,799 रुपये ऑनलाइन मंगाए। यह रकम 9 सितंबर को करीब 2:07 बजे क्यूआर कोड के जरिये भेजी गई।
मां का आरोप है कि रकम मिलने के बाद भी नेवल को नहीं छोड़ा गया। 11 सितंबर की शाम करीब सात बजे दोबारा फोन कर 12,500 रुपये मांगे गए। रकम नहीं देने पर नेवल को जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप है।
पांचवें दिन थाने पहुंचा युवक
परिवार ने मामले की जानकारी पुलिस को दी। शिकायत के अनुसार, पुलिस के हस्तक्षेप के बाद पांचवें दिन नेवल को रैपिड कैब से थाने भेजा गया। कैब का किराया भी उसके भाई से भरवाए जाने का आरोप है। परिजनों का कहना है कि थाने पहुंचने के समय नेवल बदहवास हालत में था।
मां ने आरोप लगाया कि जब उन्होंने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की तो पुलिस ने नेवल को ही मामले में फंसा देने की धमकी दी और उसे घर भेज दिया। वहीं, डीसीपी दक्षिणी ने निष्पक्ष जांच के निर्देश दिए हैं। पुलिस जांच के बाद ही आरोपों की वास्तविकता स्पष्ट होगी।