उत्तर प्रदेश राज्य सड़क परिवहन निगम के बस अड्डों पर अब यात्रियों को रोडवेज बसों की सही लोकेशन की जानकारी मिलेगी। 5000 बसों में व्हीकल लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस (वीएलटीडी) लगाए जाएंगे। लखनऊ क्षेत्र की 130 बसों, गाजियाबाद क्षेत्र की एक 60 और मेरठ क्षेत्र की 20 बसों में वीएलटीडी लगाया जा चुका है। वहीं बस स्टैंड पर भी एलईडी लगाए जाएंगे जहां से यात्री अपने गंतव्य की ओर जाने वाली बस की सही लोकेशन की जानकारी पता कर सकेंगे।
परिवहन राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार ) दयाशंकर सिंह ने बताया कि 100 स्थानों पर एलईडी लगना है। 87 स्थान चिह्नित हो चुके हैं। 25 बड़े स्टेशनों पर 54 वर्ग फीट और 75 छोटे स्टेशनों पर 18 फीट की एलईडी लगाई जाएगी। सिस्टम की मॉनीटरिंग के लिए क्षेत्रीय प्रबंधक दफ्तर में 55 इंच का एलईडी लगाया जाएगा। उन्होंने बताया कि समय सारणी के अनुसार इन एलईडी पर मल्टीमीडिया वीडियो चलेंगे जिससे की लोगों को परिवहन निगम के कार्यों,संचालन की जानकारी भी मिलती रहेगी। उन्होंने बताया कि प्रवर्तन दल के 69 वाहनों में वीएलटीडी लगाया जाएगा।
उन्होंने बताया कि जिस प्रकार लोगों को अपने मोबाइल पर ट्रेनों की सही लोकेशन की जानकारी मिलती है वैसे ही यूपीएसआरटीसी की बसों की जानकारी भी मिलेगी। बसों की वास्तविक लोकेशन की जानकारी मिलने से लोग समय से अपने घरों से निकलकर बस स्टैंड तक पहुंच सकेंगे। लोगों को बसों में यात्रा कर रहे अपने परिजनों के लोकेशन के बारे में जानकारी मिल सकेगी। इससे वह परिजन को समय पर लेने के लिए बस स्टैंड पहुंच सकेंगे।
एक बस में दस पैनिक बटन लगाए जाएंगे
परिवहन मंत्री ने बताया कि एक रोडवेज बस में 10 पैनिक बटन लगाए जाएंगे। पैनिक बटन से किसी भी आपातकाल की स्थिति से बचने में लोगों को सहायता मिलेगी। पैनिक बटन दबाते ही इसकी सूचना नजदीकी आरएम ऑफि, परिवहन निगम मुख्यालय और पुलिस को तत्काल मिल जाएगी।