रात 8:14 बजे भर्ती, आधे घंटे में नवजात की मौत
परिजनों ने बताया कि रात करीब 8:14 बजे ऊषा और नवजात को लोकबंधु अस्पताल में भर्ती कराया गया। नवजात को तुरंत एसएनसीयू में ले जाया गया, जहां करीब आधे घंटे के भीतर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस दौरान ऊषा की हालत भी बिगड़ती रही। परिजनों का आरोप है कि महिला को जरूरी उपचार देने के बजाय एक यूनिट खून चढ़ाकर केजीएमयू रेफर कर दिया गया।
केजीएमयू पहुंचने से पहले एंबुलेंस में तोड़ा दम
अनुराग ने बताया कि वह पत्नी को लेकर केजीएमयू के क्वीन मेरी अस्पताल के लिए निकले, लेकिन अस्पताल पहुंचने से पहले ही रास्ते में ऊषा ने एंबुलेंस में दम तोड़ दिया। अनुराग का कहना है कि अगर दोपहर में ही भर्ती कर समय पर इलाज मिल जाता तो पत्नी और बच्चे की जान बच सकती थी। परिजनों ने मामले में जिम्मेदार डॉक्टरों पर कार्रवाई की मांग की है। अस्पताल प्रशासन की ओर से अभी कोई बयान सामने नहीं आया है।