बीते कई दिनों से तपिश और उमस भरी गर्मी झेल रहे राजधानी वासियों को मंगलवार को राहत मिली। सुबह से ही शहर में रुक-रुक कर रिमझिम फुहारें पड़ती रहीं, जिससे मौसम सुहाना हो गया। मलिहाबाद, मोहनलालगंज और काकोरी समेत शहर के ग्रामीण इलाकों में अच्छी बारिश दर्ज की गई।
मंगलवार को अधिकतम तापमान 7.6 डिग्री सेल्सियस गिरकर 32.1 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। वहीं, न्यूनतम तापमान 0.8 डिग्री की कमी के साथ 28.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र, लखनऊ के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि बुधवार को भी लखनऊ में हल्की बारिश की संभावना है।
पूर्वोत्तर भारत में मानसून पूरी तरह छा गया है। अरुणाचल प्रदेश व असम में मूसलाधार बारिश हो रही है, जिससे उनका बड़ा हिस्सा बाढ़ की चपेट में आ गया। करीब दो लाख लोग प्रभावित हुए हैं। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार, मानसून ने मंगलवार को मध्य प्रदेश के कुछ और हिस्सों के साथ-साथ छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार के बचे इलाकों को कवर कर लिया है। मानसून गुजरात के सूरत, मध्य प्रदेश के इंदौर, सागर, सीधी, यूपी होते हुए उत्तराखंड के देहरादून और हिमाचल प्रदेश के मंडी तक पहुंच चुका है। उत्तराखंड, हिमाचल व लद्दाख के बाकी हिस्सों, पूरे जम्मू-कश्मीर, हरियाणा-चंडीगढ़-दिल्ली व पंजाब और राजस्थान में मानसून के लिए परिस्थितियां अनुकूल बनी हुई हैं।
पूर्वोत्तर भारत में बारिश व बाढ़ ने हाहाकार मचा दिया है। अरुणाचल में 90 हजार से अधिक लोग बाढ़ व बारिश से प्रभावित हुए हैं। लोअर सियांग जिले में बाढ़ और भूस्खलन से 14 गांवों में 3,000 से अधिक लोग प्रभावित हुए हैं। नारी-कोयू क्षेत्र में भी भारी नुकसान हुआ। असम में 60 हजार से ज्यादा लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। धेमाजी में 40 हजार से ज्यादा बाढ़ पीड़ित हैं। 60 से अधिक गांव जलमग्न हो गए हैं।