लखनऊ मेट्रो के विस्तार में केंद्र की मदद।
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लखनऊ मेट्रो के सेकेंड फेज को केंद्र सरकार के अंश से रफ्तार मिलेगी। अगले तीन महीने में चारबाग से बसंतकुंज के बीच सेकेंड फेज का निर्माण कार्य शुरू होने की उम्मीद है। इसके लिए टेंडर हो चुके हैं। केंद्र सरकार 1450 करोड़ रुपये निर्माण के लिए देगी।
दरअसल, चारबाग से बसंतकुंज के बीच 5801 करोड़ रुपये से लखनऊ मेट्रो के सेकेंड फेज का निर्माण कार्य कराया जाएगा। इसमें आधी धनराशि केंद्र व राज्य सरकारों से मिलेगी। शेष ऋण लिया जाएगा। इसके तहत 2900 करोड़ रुपये का लोन बैंकों से लिया जाएगा तथा इतना केंद्र व राज्य सरकारें मिलकर देंगी। इस लिहाजा से केंद्र सरकार को 1450 करोड़ रुपये देने हैं।
सूत्र बताते हैं कि इस धनराशि की पहली किस्त मिल जाएगी, जिससे निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा। इसके अलावा ऋण दिलाने में भी सरकारें मदद करेंगी। चारबाग से बसंतकुंज के बीच करीब 11.16 किमी रूट पर बारह स्टेशनों का निर्माण किया जाएगा। निर्माण कार्य पांच साल में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए टेंडर हो चुके हैं। मेट्रो अधिकारियों के अनुसार प्रोजेक्ट के लिए ग्राउंड, जियोटेक सर्वे कराए जा चुके हैं। विदेशी निवेश के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। चारबाग, मेडिकल कॉलेज व चौक चौराहे पर बनने वाले मेट्रो स्टेशनों की लोकेशन मुख्य चौराहों से पांच सौ मीटर तक आगे या पीछे हो सकती है।
तीन चरणों में होगा निर्माण कार्य
मेट्रो सेकेंड फेज का निर्माण कार्य तीन चरणों में पूरा किया जाएगा। पहले चरण में 40 एकड़ में बसंतकुंज में डिपो का निर्माण करवाया जाएगा। इसके बाद रूट पर एलिवेटेड व अंत में अंडरग्राउंड स्टेशनों को बनवाया जाएगा।
ये स्टेशन बनेंगे रूट पर
मेट्रो सेकेंड फेज के तहत 12 स्टेशन बनाए जाएंगे। इसमें सात भूमिगत व पांच एलिवेटेड स्टेशन होंगे। चारबाग(भूमिगत), गौतमबुद्धनगर(भूमिगत), अमीनाबाद(भूमिगत), पांडेगंज(भूमिगत), सिटी रेलवे स्टेशन(भूमिगत), मेडिकल चौराहा(भूमिगत), चौक(भूमिगत), ठाकुरगंज(एलिवेटेड), बालागंज(एलिवेटेड), सरफराजगंज(एलिवेटेड), मूसाबाग(एलिवेटेड), बसंतकुंज(एलिवेटेड) स्टेशन होंगे।