बहुजन समाज पार्टी ने जयप्रकाश सिंह को दोबारा पार्टी से बाहर कर दिया। दो दिनों में पश्चिमी उत्तर प्रदेश के दो बड़े नेताओं पर कार्रवाई हुई है। अनुशासनहीनता और पार्टी विरोधी गतिविधियों को कारण बताया गया। फैसले के बाद संगठन में हलचल और नई चर्चाएं तेज हो गई हैं।
बहुजन समाज पार्टी के पूर्व नेशनल कोआर्डिनेटर जयप्रकाश को पार्टी से फिर बाहर कर दिया गया है। बसपा अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री मायावती के दिल्ली जाने के बाद बीते दो दिन में पश्चिमी उप्र के दो बड़े नेताओं को पार्टी से बाहर का रास्ता दिखाया गया है। इससे पहले बृहस्पतिवार को सहारनपुर मंडल के जोनल प्रभारी हाजी सरफराज राईन को भी अनुशासनहीनता के आरोप निष्कासित कर दिया था।
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शुक्रवार को जयप्रकाश सिंह के निलंबन का आदेश गाजियाबाद के पार्टी जिलाध्यक्ष मनोज कुमार जाटव ने जारी कर दिया, जिसमें कहा गया है कि उनको बीते दिनों बसपा में वापस लेने के बाद भी उनकी पार्टी विरोधी मानसिकता नहीं बदली। साथ ही कार्यकर्ताओं से ऐसे स्वार्थी व अवसरवादी लोगों से सावधान रहने की अपील की है।
बता दें कि आकाश आनंद के बाद जयप्रकाश की भी बसपा में वापसी हुई थी, जिसके बाद उन्हें पश्चिम बंगाल और उड़ीसा राज्य का प्रभारी बनाया गया था। केरल में विधानसभा चुनाव होने पर उनको वहां भेजा गया था। अचानक जयप्रकाश को पार्टी से बाहर करने से पार्टी में तरह-तरह की चर्चाएं होने लगी हैं।