यूपी पावर कॉर्पोरेशन के झटपट पोर्टल पर बिजली कनेक्शन का आवेदन करने वाले सतर्क हो जाए। आवेदकों को अब तय अवधि 21 दिन में आवेदन पर जेई एवं एसडीओ की लगने वाली आपत्ति का जवाब देना अनिवार्य होगा। जो आवेदक 21 दिन के भीतर ऑनलाइन जवाब नहीं देंगे तो सिस्टम ऑटोमैटिक उनके आवेदक को रिजेक्ट (अस्वीकृत ) कर देगा।
यूपी पावर कॉर्पोरेशन के झटपट पोर्टल के साफ्टवेयर ने बृहस्पतिवार से काम करना शुरू किया तो लखनऊ में अनुमानित करीब पांच हजार से ज्यादा उन ऑनलाइन आवेदनों को रिजेक्ट कर, जिनके आवेदक 21 दिन से ज्यादा का समय बीतने के बाद भी जेई एवं एसडीओ के द्वारा जो बिजली कनेक्शन देने में जो आपत्ति दर्ज कराई गई थी, उसका जवाब नहीं दे रहे थे। इनमें सबसे ज्यादा आवेदक ग्रामीण अंचल के करीब 3000 तक शामिल हैं।
घर, दुकान एवं निजी कार्यालय के लिए झटपट पोर्टल पर बिजली के नए कनेक्शन के लिए ऑनलाइन आवेदन करने का प्रावधान है। आवेदन के बाद जेई-एसडीओ की जांच में जो कमियां पाई जाती उसे आपत्ति कहते हैं। जेई-एसडीओ इन कर्मियों को पूरा करने के लिए आपत्ति लगाकर आवेदन को बंद कर देते हैं।
मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लखनऊ(वाणिज्य) के निदेशक योगेश कुमार ने बताया कि झटपट पोर्टल का साफ्टवेयर अपग्रेड होने के बाद उस आवेदक का बिजली कनेक्शन आवेदन ऑटोमैटिक रिजेक्ट हो जाएगा, जो 21 दिन के भीतर आपत्ति का जवाब नहीं देगा। इससे आपत्ति वाले आवेदन ऑटोमैटिक झटपट पोर्टल से हट जाएंगे।