ऑपरेशन कायाकल्प के तहत प्रदेश में सभी मंडलायुक्त, जिलाधिकारी और राजपत्रित अधिकारी कम से कम एक परिषदीय स्कूल को गोद लेंगे। स्कूल में पठन-पाठन के लिए आवश्यक मूलभूत सुविधाएं मुहैया कराएंगे। ऑपरेशन कायाकल्प के तहत विद्यालयों में कक्षा कक्ष, पुस्तकालय, शौचालय, पेयजल, फर्नीचर, पार्क, झूले आदि की व्यवस्था कराने के साथ स्कूलों का सौंदर्यीकरण किया जा रहा है। बेसिक शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव दीपक कुमार ने सभी मंडलायुक्त और जिलाधिकारियों को स्कूल गोद लेने का निर्देश जारी किया है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 4 अप्रैल को श्रावस्ती में ‘स्कूल चलो अभियान’ का आगाज करते हुए सांसदों, विधायकों, प्रदेश सरकार के मंत्रियों और जनप्रतिनिधियों से परिषदीय विद्यालयों को गोद लेने के आह्वान किया था। प्रमुख सचिव ने सभी जिलाधिकारियों और मंडलायुक्तों को विद्यालय गोद लेने के साथ उनके अधीनस्थ राजपत्रित अधिकारियों को भी विद्यालय गोद लेने के लिए प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए है।
इसके तहत विद्यालयों में विभिन्न सुविधाएं मुहैया कराकर उन्हें आकर्षित बनाया जाएगा। प्रमुख सचिव ने सभी जिलाधिकारियों को उनके जिले में गोद लिए गए विद्यालयों की रिपोर्ट भी शासन में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। प्रदेश में 1.58 लाख परिषदीय विद्यालय हैं। एक लाख विद्यालयों में कायाकल्प के लिए काम चल रहा है।