आयुष विभाग की ओर से पिछले तीन दिनों में 1,52,159 होम आइसोलेटेड और क्वारंटीन लोगों को निशुल्क किट दिया गया है। सात मई को 9526 लोगों को आयुर्वेदिक, 39,985 लोगों को होम्योपैथिक और 597 लोगों को यूनानी औषधियां दी गई हैं, यानि एक दिन में कुल 50,108 लोगों को निशुल्क औषधियां दी गई हैं। ऐसे ही छह मई को 47,359 और आठ मई को 54692 लोगों को औषधियां दी गई हैं।
अप्रैल में सात लाख 23 हजार 190 लोगों को औषधियां दीं
अगर सिर्फ पिछले माह अप्रैल की बात करें, तो आयुष विभाग की ओर से सात लाख 23 हजार 190 लोगों को औषधियां दी गई हैं। इसमें 91,692 संक्रमितों को आयुर्वेदिक, 6,28,300 संक्रमितों को होम्योपैथिक और 3198 संक्रमितों को यूनानी दवाइयां दी गई हैं। महज दो दिनों तीन और चार मई को 55,579 संक्रमितों को दवाइयां दी गई हैं। इसमें 6848 आयुष किट, 7644 आयुष काढ़ा, 45904 होम्योपैथी औषधि, 959 यूनानी किट और 1820 यूनानी जोशांदा दी गई है।
ऐसा कोई मामला संज्ञान में नहीं आया, जिन्हें दवाएं खाने के बाद भी गंभीर स्थिति हुई हो: प्रो. एसएन सिंह
आयुर्वेद सेवाएं के निदेशक प्रो. एसएन सिंह कहते हैं कि आयुष विभाग की ओर से दिए जा रहे किट संक्रमण को रोकने में सौ फीसदी कारगर हैं। ऐसा अभी तक कोई मामला संज्ञान में नहीं आया है, जिन्हें दवाएं खाने के बाद भी गंभीर स्थिति हुई हो। होम आइसोलेशन में रह रहे लोगों को 10 से 15 दिनों में आराम मिल जा रहा है। इसके अलावा लोगों को योग में अनुलोम, विलोम और प्राणायम के लिए भी प्रेरित किया जा रहा है। किट में आयुष काढ़ा, संशमनी वटी, आयुष 64, अगस्तहरितकी और अणुतैल दिया जा रहा है।
आयुष ऐप से विशेषज्ञों से पूछिए सवाल
आयुष विभाग के आयुष कवच ऐप के माध्यम से सुबह आठ बजे से योगाभ्यास और शाम पांच बजे से आयुष संवाद जल्द शुरू होने वाला है। इसमें कोरोना संक्रमण से बचाव, रोकथाम और औषधियों के बारे में जानकारी दी जाएगी। इसके अलावा आयुष विभाग के 20 विशेषज्ञ चिकित्सकों के पैनल से भी ऐप के माध्यम से सवाल किया जा सकता है, जिसका जवाब विशेषज्ञ चिकित्सक देंगे। आयुष ऐप को 20 लाख से ज्यादा लोगों ने डाउनलोड किया है और सुविधाओं का लाभ उठा रहे हैं।