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यूपी: राहुल गांधी की नागरिकता पर पेश हुए केंद्र के अधिकारी, कहा- खुले में सुनवाई करना उचित नहीं

Thu, 19 Mar 2026 10:09 PM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ

सार

Rahul Gandhi citizenship: इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ में बृहस्पतिवार को राहुल गांधी के नागरिकता विवाद मामले में सुनवाई हुई। केंद्र के अधिकारी इस पर पेश हुए। 
 
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नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का नागरिकता विवाद। - फोटो : amar ujala
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विस्तार
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 इलाहाबाद हाईकोर्ट की लखनऊ पीठ में बृहस्पतिवार को राहुल गांधी के नागरिकता विवाद मामले में सुनवाई हुई। सुनवाई शुरू होते ही केंद्र सरकार की ओर से उपस्थित वरिष्ठ अधिवक्ता एसबी पाण्डेय ने न्यायालय से अनुरोध किया कि यह सुनवाई खुले कोर्ट में न की जाए क्योंकि गृह मंत्रालय से आए दस्तावेज काफी गोपनीय प्रकृति के हैं। इस पर न्यायमूर्ति राजीव सिंह की एकल पीठ ने उनके अनुरोध को स्वीकार कर, मामले की सुनवाई चैंबर में की।

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सुनवायी के बाद पारित आदेश के अनुसार गृह मंत्रालय के अंडर सेक्रेटरी विवेक मिश्रा व सहायक सेक्शन ऑफिसर प्रणव राय संबंधित रिकॉर्ड के साथ उपस्थित हुए। रिकॉर्ड का न्यायालय ने अवलोकन करने के बाद उसे अंडर सेक्रेटरी को वापस कर दिया। हाईकोर्ट ने याची एस विग्नेश शिशिर को केंद्र सरकार को मामले में पक्षकार बनाने की अनुमति दी है। मामले की अगली सुनवायी 6 अप्रैल को होगी।

 गौरतलब है है कि कर्नाटक के भाजपा कार्यकर्ता एस विग्नेश शिशिर ने यह याचिका दाखिल की है। याची ने लखनऊ की विशेष एमपी/एमएलए अदालत के 28 जनवरी 2026 के उस आदेश को चुनौती दी है, जिसमें  अदालत ने राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने का निर्देश देने की उसकी अर्जी खारिज कर दी थी। याची ने राहुल गांधी के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने और मामले की विस्तृत जांच कराने की मांग की है। याची ने गांधी के खिलाफ भारतीय  नागरिक संहिता, पासपोर्ट अधिनियम, आफिसियल सीक्रेट एक्ट के तहत विभिन्न धाराओं में गंभीर आरोप लगाये हैं।
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