फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपी: चुनावी मोड में अखिलेश, आज से निकलेगा समाजवादी रथ; रायबरेली से होगी शुरुआत, ज्ञानेश के खिलाफ खोला मोर्चा

Thu, 24 Sep 2026 06:43 AM IST
रोहित मिश्र अमर उजाला नेटवर्क, लखनऊ

सार

Akhilesh Yadav: अखिलेश यादव आज से चुनावी अभियान की शुरुआत समाजवादी रथ के द्वारा कर रहे हैं। यह उनकी पहली रथ यात्रा होगी। 
विज्ञापन
आज से निकलेगा समाजवादी रथ। - फोटो : अमर उजाला।
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव आज समाजवादी रथ से रायबरेली जाएंगे। आगामी विधानसभा चुनाव से पहले रथ से यह उनकी पहली यात्रा होगी। इस दौरान वह विधायक राहुल लोधी के आवास पर चाय पीएंगे। सपा नेताओं के मुताबिक, हाल में विधायक समेत पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ पुलिस द्वारा कथित अभद्रता के विरोध और कार्यकर्ताओं के साथ खड़े होने का संदेश देने के लिए अखिलेश का यह दौरा अहम है। पार्टी ने रथयात्रा के स्वागत की तैयारियां की हैं।
विज्ञापन


क्या है समाजवादी रथ?
समाजवादी पार्टी का 'पीडीए रथ' (समाजवादी रथ) उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले जनता तक पहुँचने और राजनीतिक जमीन मजबूत करने के लिए तैयार किया गया एक आधुनिक सुविधाओं से लैस विशेष प्रचार वाहन है।

सीईसी ज्ञानेश कुमार की देखरेख में न हो विधानसभा चुनाव : अखिलेश

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने बुधवार को प्रेस कांफ्रेंस में देश के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की कार्यशैली पर सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि यूपी का अगला विधानसभा चुनाव ज्ञानेश कुमार के अंडर (देखरेख) में नहीं होना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग कठपुतली की तरह काम कर रहा है। चुनावों में बेईमानी हो रही है। आयोग निष्पक्ष नहीं रह गया है।

उन्होंने कहा कि आयोग लोकतंत्र को खत्म करने के षड्यंत्र में शामिल है। भविष्य के चुनाव भी इनके नेतृत्व में नहीं होने चाहिए। उन्होंने कहा कि मीडिया खबरों के अनुसार, चुनाव आयोग के दो चुनाव आयुक्तों ने मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) के गलत फैसलों के खिलाफ दस महीनों में 14 बार नोट लिखकर अपनी शिकायत और आपत्ति दर्ज कराई है। यह बेहद गंभीर है कि मुख्य चुनाव आयुक्त के फैसलों के खिलाफ अन्य चुनाव आयुक्तों ने गंभीर आपत्तियां दर्ज कराई है। अखिलेश ने कहा कि इसका मतलब है कि चुनाव आयोग अपना काम निष्पक्ष तरीके से नहीं कर रहे हैं। यह बेहद घातक है। भाजपा सरकार में संस्थाएं निष्पक्ष नहीं रह गई हैं। लोकतंत्र में कठपुतली बनकर धोखा देना घोर सांविधानिक अपराध है।

उन्होंने कहा कि 2022 के यूपी विधानसभा चुनाव के परिणाम के बाद समाजवादी पार्टी ने आरोप लगाया था कि चुनाव आयोग के अधिकारियों ने जानबूझ कर सपा समर्थक मतदाताओं को चिह्नित कर वोटर लिस्ट से हटा दिया है। उपचुनाव में वोटों की लूट हुई, लेकिन आयोग ने तब भी कोई कार्रवाई नहीं की। पश्चिम बंगाल में तीन लाख केंद्रीय फोर्स लगाकर चुनाव लूट लिया। ये लोग यूपी में फिर बड़े पैमाने पर बेइमानी की तैयारी कर रहे होंगे। हम लोगों ने इन्हें एसआईआर में बेईमानी करते पकड़ा था। जो अधिकारी आने वाले समय में विधानसभा का चुनाव देखेंगे उनके एक भी पीडीए वर्ग से नहीं हैं। यह बड़ी साजिश और षडयंत्र हैं
विज्ञापन

अयोध्या में जिनके मकान-दुकान तोड़े गए, उन्हें मिले मुआवजा

सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव की प्रेस कांफ्रेंस में अयोध्या के आम लोगों ने भी अपनी पीड़ा रखी। प्रीति चौहान ने बताया कि उनका मकान रात में गिरा दिया गया। नवंबर में बेटी की शादी है और उनके पास कुछ नहीं बचा है। सपना राजपाल ने कहा कि बिना नोटिस के उन्हें आधा घंटे में दुकान खाली करने के लिए कहा गया और उसके बाद इसे गिरा दिया गया। रोहित यादव ने बताया कि उनका घर गिरा दिया गया। इस पर अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा सरकार कानून, संविधान, नियम कुछ भी नहीं मान नहीं है। उन्होंने सरकार से मांग की कि अयोध्या में जिन लोगों के मकान और दुकान तोड़े गए हैं, उसकी भरपाई के लिए मुआवजा दिया जाए। उन्होंने कहा कि सपा सरकार बनने पर अयोध्या के लोगों की भरपूर मुआवजा देकर मदद करेगी। साथ ही कहा कि वेटिकन सिटी की तर्ज पर अयोध्या को वर्ल्ड क्लास सिटी बनाया जाएगा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें