उत्तर प्रदेश के बेसिक व माध्यमिक विद्यालयों व कार्यालयों में अब शिक्षकों व अधिकारियों की संबद्धता नहीं की जाएगी। इनको दस दिन के अंदर मूल तैनाती स्थल पर भेजना होगा। शासन ने इसके लिए सख्त निर्देश जारी करते हुए कहा है कि ऐसा न करने पर संबंधित अधिकारी पर कार्रवाई की जाएगी।
बेसिक-माध्यमिक शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव पार्थ सारथी सेन शर्मा ने कहा है कि संज्ञान में आया है कि बिना उसकी अनुमति के अधीनस्थ अधिकारियों द्वारा शिक्षकों, अधिकारियों, कर्मचारियों को ऐसी जगह संबद्ध किया गया है, जहां उनकी मूल तैनाती नहीं है। यह उचित नहीं है।
ये भी पढ़ें - ओवरलोड ट्रकों से वसूली करने वाले 11 पुलिसकर्मी निलंबित, रेट लिस्ट ने खोली पोल, थाने के हिसाब से है रेट
ये भी पढ़ें - रामलला के दर्शन और आरती के समय में आज से बदलाव, ट्रस्ट ने जारी की नई समय सारिणी
उन्होंने निर्देश दिया है कि शासन की अनुमति के बिना संबद्ध शिक्षकों, अधिकारियों, कर्मचारियों को तत्त्काल उनके मूल तैनाती स्थल पर भेजा जाए। भविष्य में भी बिना शासन की अनुमति के ऐसे किसी को संबद्ध न किया जाए। उन्होंने महानिदेशक स्कूल शिक्षा से 10 दिन में आख्या उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
बता दें कि शासन के पूर्व में दिए कई बार के आदेश के बाद भी शिक्षक व कर्मचारी जुगाड़ लगाकर विभागीय कार्यालयों में संबद्ध रहते हैं। हाल के दिनों में भी इस तरह के कुछ मामले सामने आए हैं। इसको देखते हुए अब शासन ने कड़े निर्देश जारी किए हैं।