बहराइच, लखीमपुर खीरी, सीतापुर, सहारनपुर, बिजनौर, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर, महोबा, झांसी, ललितपुर एवं आसपास के इलाकों में।
कौशांबी, प्रयागराज, प्रतापगढ़, वाराणसी, भदोही, जौनपुर, गाजीपुर, आजमगढ़, मऊ, बलिया, देवरिया, गोरखपुर, संत कबीर नगर, बस्ती, कुशीनगर, महाराजगंज, सिद्धार्थनगर, रायबरेली, अमेठी, सुल्तानपुर, अयोध्या, अंबेडकर नगर व आसपास के इलाकों में।
लखनऊ में छाया कोहरा और ठिठुरते लोग।
कौशांबी, प्रयागराज, प्रतापगढ़, वाराणसी, भदोही, जौनपुर, गाजीपुर, आजमगढ़, मऊ, बलिया, देवरिया, गोरखपुर, संत कबीर नगर, बस्ती, कुशीनगर, महाराजगंज, सिद्धार्थनगर, रायबरेली, अमेठी, सुल्तानपुर, अयोध्या, अंबेडकर नगर व आसपास के इलाकों में।
राजधानी में गलन भरी सर्द पछुआ हवाओं का सितम जारी है। शनिवार और रविवार के बीच की रात को तापमान में 5.4 डिग्री सेल्सियस की भारी गिरावट आई और कोहरे के प्रकोप के साथ ठंड का असर अपने चरम पर रहा। रविवार को सुबह कोहरे के बाद दिन चढ़ने पर थोड़ी देर के लिए गुनगुनी धूप खिली जो बेअर रही। दिन के तापमान में कोई खास बदलाव तो नहीं आया लेकिन रात के तापमान में आई इतनी बड़ी गिरावट चर्चा का विषय रही।
आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक अतुल कुमार सिंह ने बताया कि पहाड़ों पर बर्फबारी के बाद वहां से आ रही ठंडी और सूखी पछुआ हवाओं के कारण यह बदलाव हुआ है। दिन में तेज ठंडी हवाएं, कोहरा और धूप बेअसर होने से शीत दिवस जैसी स्थिति बनी रही। उन्होंने बताया कि आने वाले दिनों में भी घना कोहरा और ठंडी हवाएं चलने से तापमान सामान्य से कम रह सकता है। रविवार को दिन का अधिकतम तापमान बिना बदलाव के 16.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं रात का न्यूनतम तापमान 5.4 डिग्री की बड़ी गिरावट के साथ 6 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया।