डॉ. शकुंतला मिश्रा राष्ट्रीय पुनर्वास विश्वविद्यालय में अभी सिर्फ पीजी स्टूडेंट्स को क्लास के लिए बुलाया गया है। रजिस्ट्रार अमित कुमार सिंह ने बताया कि दिव्यांग स्टूडेंट्स के होने से काफी संवेदनशीलता बरती जा रही है। जल्द ही यूजी स्टूडेंट्स को लेकर भी निर्णय करेंगे।
उनकी सुबह-शाम के आधार पर अलग-अलग क्लास कराने की तैयारी है। हॉस्टल सिर्फ दिव्यांग स्टूडेंट्स को अलॉट करेंगे। क्योंकि कुल क्षमता 1400 की है, लेकिन इस बार एक कमरे में एक ही स्टूडेंट्स रहेंगे। इस तरह 700 को ही कमरा अलॉट होगा। कोई भी स्टूडेंट्स बिना वार्डन की अनुमति बाहर नहीं जा सकेगा। क्लास में भी सोशल डिस्टेंसिंग बनाए रखनी होगी। बाहर से आने वाले स्टूडेंट्स के लिए क्वारंटीन सेंटर भी बनाएंगे।
बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर केंद्रीय विश्वविद्यालय (बीबीएयू) में अभी इसे लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं हुई है। विवि प्रवक्ता डॉ. रचना गंगवार ने बताया कि एक-दो दिन में डीन-हेड्स की बैठक में इस पर चर्चा के बाद तय किया जाएगा कि क्या और कैसे करेंगे।
लखनऊ यूनिवर्सिटी में 25 के बाद ही शुरू होंगी कक्षाएं
शताब्दी समारोह के आयोजन की वजह से लविवि में नियमित कक्षाएं 25 नवंबर के बाद ही शुरू होंगी। जबकि इससे संयुक्त कॉलेजों में कोविड-19 प्रोटोकॉल का पालन करते हुए नियमित कक्षाएं सोमवार से ही शुरू हो जाएंगी।
फिलहाल कुल क्षमता के 50 फीसदी विद्यार्थी ही बुलाए गए हैं। कालेजों में ऑनलाइन कक्षाएं चलती रहेंगी। श्री जय नारायण मिश्र महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. नागेश्वर पांडेय ने बताया कि कॉलेज में सोमवार से नियमित कक्षाएं शुरू करने की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
सोशल डिस्टेंसिंग का ध्यान रखा जाएगा तथा स्क्रीनिंग के बाद ही प्रवेश मिलेगा। बीएसएनवी कॉलेज के प्राचार्य डॉ. राकेश चंद्रा ने बताया कि कॉलेज में आधी क्षमता से विद्यार्थियों को बुलाया गया है। पहले दिन के बाद दोबारा समीक्षा की जाएगी। इसके बाद फिर से नीति जारी की जाएगी। इस बीच ऑनलाइन क्लास चलती रहेगी।