प्रयागराज की घटना के बाद डीआईजी अनंत देव की अस्थायी ड्यूटी एसटीएफ में लगाए जाने के बाद बृहस्पतिवार को उन्होंने लखनऊ आकर काम शुरू कर दिया। एनकाउंटर स्पेशलिस्ट अनंत देव ने एसटीएफ में डिप्टी एसपी से लेकर डीआईजी के पद पर तैनात रहते हुए कई डकैतों, कुख्यात अपराधियों, माफिया को ढेर किया है। बिकरू कांड के बाद उनको निलंबित किया गया था। हाल ही में राज्य सरकार ने उनको बहाल कर दिया था।
बहराइच में भी छानबीन जारी
नेपाल से सटे बहराइच में अतीक अहमद की कुछ बेनामी संपत्तियों की जानकारी मिलने के बाद पुलिस ने उधर भी रुख किया है। दरअसल, पुलिस को सूचना मिली है कि अतीक के एक पार्टनर के भाई ने बहराइच में होटल बनाया था जिसमें अक्सर अतीक के गुर्गें आकर रुकते थे। पुलिस के मुताबिक ये अतीक की बेनामी संपत्ति है। घटना में शामिल शूटरों के बहराइच के रास्ते नेपाल भागने की आशंका को देखते हुए छानबीन की जा रही है।
13 मार्च पर टिकीं नजरें
घटना में शामिल सात शूटरों के साथ ही पुलिस को भी 13 मार्च को कोर्ट खुलने का इंतजार है। कोर्ट खुलने के बाद आत्मसमर्पण की कोशिश करने वाले शूटरों को दबोचने की रणनीति बनाई जा रही है। इसमें अतीक गिरोह की मदद करने वाले कुछ अधिवक्ता भी पुलिस के राडार पर हैं।