पिछली बार परेशानी झेलने के चलते इस बार अभी से पंजीकरण करा रहे
जिले में इस बार 68 क्रय केंद्र बनाए गए हैं, एक नवंबर से शुरू होगी खरीद
संवाद न्यूज एजेंसी
रायबरेली। धान बेचने के लिए किसान इस बार अभी से पंजीकरण कराना शुरू करा दिया है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि अभी धान खरीद शुरू होने को डेढ़ माह का समय बीता है, लेकिन इसके पहले ही अब तक दो हजार किसान धान बेचने के लिए पंजीकरण करा चुके हैं।
दरअसल, पिछली बार धान खरीद में अव्यवस्था थी। किसान क्रय केंद्रों पर पहुंच रहे थे, लेकिन उनके धान तौल में मनमानी की जा रही थी। डिप्टी आरएमओ के पास धान खरीद की जिम्मेदारी थी, लेकिन वह इस जिम्मेदारी को सही तरीके से निभा नहीं पाई थी। ऐसे में किसानों को क्रय केंद्रों के चक्कर काटना पड़ा था।
केंद्र प्रभारियों की ओर से टोकन के लिए किसानों को परेशान किया गया था। ऐसे में इस बार किसान पहले से ही पंजीकरण कराना शुरू कर दिया है। जिले में करीब चार लाख 75 हजार किसान हैं। 88 हजार 924 हेक्टेयर क्षेत्रफल पर धान की रोपाई की गई है। पहली नवंबर माह से 28 फरवरी 2024 तक जिले के 68 क्रय केंद्रों पर धान खरीद होगी।
पीसीएफ के जिला प्रबंधक अतुल चौधरी ने बताया कि किसानों को उपज बेचने के लिए विभागीय पोर्टल डब्लडब्लूडब्लू.एफसीएस.यूपी.गर्वमेंट.इन पर पंजीकरण करा लें। ओटीपी आधारित पंजीकरण की व्यवस्था शुरू हो गई है। किसान अपने मोबाइल नंबर व बैंक खाते को आधार से लिंक जरूर करा लें।
खतौनी, बैंक पासबुक व आधार में अंकित नाम के अनुसार ही पंजीकरण कराएं। किसानों को पंजीकरण के समय अपनी भूमि के विवरण खतौनी की कप्यूटराइज्ड फोटोप्रति, फोटोयुक्त पहचानपत्र, बैंक पासबुक के प्रथम पृष्ठ की छायाप्रति, आधार व इसमें अंकित मोबाइल नंबर देना होगा। दो हजार किसान पंजीकरण करा चुके हैं। इस बार किसानों को 21.83 रुपये प्रति क्विंटल के रेट से भुगतान किया जाएगा। उन्होंने बताया कि धान खरीद से जुड़ी सभी तैयारियां तेजी के साथ पूरी की जा रही हैं।