लखनऊ। गोमतीनगर इलाके में दो नए बिजलीघर विनम्रखंड और विशेषखंड बनकर तैयार हो गए हैं। इससे करीब 10 हजार उपभोक्ताओं को राहत मिलेगी। इनमें से विनम्रखंड बिजलीघर हफ्ते भर पहले चालू हो चुका है। विशेषखंड बिजलीघर 15 दिन में शुरू हो जाएगा। बिजली विभाग ने बिजलीघर बनाने पर करीब 33 करोड़ रुपये खर्च किए हैं। इनके लिए एलडीए ने निशुल्क जमीन दी थी।
दोनों बिजलीघरों की क्षमता 20-20 एमवीए है। इनमें 10-10 एमवी के दो-दो पावर ट्रांसफार्मर लगाए गए हैं। बिजलीघरों को बनाने की शुरुआत जनवरी में हुई थी। विनम्रखंड बिजलीघर के निर्माण के दौरान वन विभाग की एनओसी का पेच फंसने से कुछ दिन काम रुका भी था। बावजूद इसके करीब नौ महीने में दोनों बिजलीघर बनकर तैयार हो गए।
गर्मी में बिजली संकट से मिलेगी राहत
नए बिजलीघरों के चालू होने से विभूतिखंड, मंत्री आवास और विराजखंड बिजलीघरों के करीब 15 हजार उपभोक्ताओं को अगले साल की गर्मी में बिजली संकट से राहत मिलेगी। नए बिजलीघरों पर इन बिजलीघरों के उपभोक्ताओं का भार ट्रांसफर होने से ओवरलोडिंग कम होगी।
वास्तुखंड, मल्हौर रोड को अब विनम्रखंड से बिजली
विनम्रखंड बिजलीघर से वास्तुखंड, विनम्रखंड, मल्हौर रोड सहित आसपास के इलाके में आपूर्ति होगी। विशेषखंड बिजलीघर से विशेषखंड, विक्रांतखंड और विभूतिखंड के उपभोक्ताओं को बिजली मिलेगी। हालांकि, विभूतिखंड का आंशिक हिस्सा ही विशेषखंड बिजलीघर से रोशन होगा। विनम्रखंड, वास्तुखंड, मल्हौर रोड को अभी विराजखंड, कमता व मंत्री आवास बिजलीघर से बिजली आपूर्ति होती है।
वर्जन
गोमतीनगर में विनम्रखंड और विशेषखंड के नए बिजलीघर तैयार हो गए हैं। विनम्रखंड बिजलीघर को नो लोड पर चालू करके सिस्टम की निगरानी की जा रही है। इससे नवरात्र में ही उपभोक्ताओं को बिजली आपूर्ति होने लगेगी।
- सुशील गर्ग, मुख्य अभियंता, गोमतीनगर जोन
गोमतीनगर में बने नए बिजलीघर व कंट्रोल रूम।
गोमतीनगर में बने नए बिजलीघर व कंट्रोल रूम।