गोलागंज स्थित तंजीमुल मकातिब में आयोजित दो दिवसीय जिसने विला व वेबीनार मैं मौजूद उलमा। स्रोत सं
लखनऊ। गोलागंज स्थित तनजीमुल मकातिब में आयोजित दो दिवसीय जश्न-ए-विला व वेबिनार की अंतिम बैठक रविवार संपन्न हो गई। इसमें कई शहरों के विद्वानों व शायरों ने शिरकत की। हकीम इलाही ने इमाम जैनुल आबिदीन की दुआओं को इंसान की जिंदगी सुधारने का सर्वोत्तम माध्यम बताया। मौलाना हसनैन बाकरी ने कहा कि दूसरों तक हदीस पहुंचाने से पहले खुद उस पर अमल जरूरी है। मौलाना अख्तर अब्बास ने कहा कि इमाम सज्जाद ने इमाम हुसैन की क़ुर्बानी को एक तहरीक में बदल दिया, जिसे तनजीमुल मकातिब आगे बढ़ा रहा है। कार्यक्रम के अंत में संस्थापक मौ. सैय्यद ग़ुलाम असकरी की दीनी व इल्मी सेवाओं को श्रद्धांजलि दी गई।