लखनऊ। सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश पर जूता फेंकने के विरोध में मार्च निकाल रहे सामाजिक कार्यकर्ताओं को पुलिस ने परिवर्तन चौक पर रोक दिया। नाराज कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन कर घटना को न्यायपालिका की गरिमा और सांविधानिक मूल्यों पर सीधा हमला बताते हुए दोषी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। उन्होंने राष्ट्रपति को अपना मांगपत्र भी प्रेषित किया।
डाॅ. आंबेडकर संवैधानिक महासंघ के बैनर तले कई सामाजिक संगठनों के कार्यकर्ता परिवर्तन चौक पर एकत्र हुए, जो हजरतगंज स्थित डाॅ. आंबेडकर प्रतिमा तक मार्च निकालना चाह रहे थे, मगर पुलिस ने उन्हें वहीं रोक दिया। महासंघ के अध्यक्ष राजेश कुमार सिद्धार्थ ने कहा कि सांविधानिक संस्थाओं पर हमला बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रदर्शन में रामचंद्र पटेल, पीसी कुरील, अशोक कुमार, शैलेंद्र अंबेडकर, सीएल राजन, जेपी वर्मा, कमलाकांत गौतम, पंकज प्रसून, नेकराम बौद्ध, संतराम, बीपी सिंह, ए. रहमान, इदरीश सिद्दीकी, सियाराम गौतम, बिमला बौद्ध, डॉ. सत्यवती दोहरे, डॉ. संघमित्रा, सोनम गौतम, पंडित प्रदीप पासी, अभय प्रताप त्यागी आदि शामिल रहे।
प्रदर्शन करते लोग।