यूपी सरकार किसानों के लिए फसल ऋण मोचन योजना (कर्जमाफी) लागू करने के साथ ही पांच साल में उनकी आय दोगुनी करने के मिशन पर भी सक्रिय हो गई है। इसके लिए सरकार ने एक रोडमैप को मंजूरी दी है।
इसे यह ध्यान में रखकर तैयार किया गया है कि भविष्य में अर्थव्यवस्था के लिए तकलीफदेह कर्जमाफी जैसी स्थिति ही न आए। शासन ने महकमों को इस पर फौरन अमल करने को कह दिया है।
केंद्र सरकार ने 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने का लक्ष्य तय किया है। प्रदेश सरकार ने इसे ध्यान में रखकर कार्ययोजना पर अमल शुरू किया तो पता चला कि किसानों की आय बढ़ाने के लिहाज से राज्य व केंद्र सरकार की तमाम योजनाएं चल रही हैं।
पर, उनमें परस्पर सामंजस्य, पेशेवर परियोजना प्रबंधन और लक्ष्य के हिसाब से परिणाम का अभाव है। इसके बाद प्रदेश की नई सरकार ने कर्जमाफी को भी किसानों की आय दोगुनी करने के लक्ष्य से जोड़ दिया और इसे हासिल करने के लिए एक मुकम्मल रोडमैप तैयार कराया।
इस तरह काम करेगा ये प्लान
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शासन के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि इस रोडमैप पर कई विभाग मिलकर काम करेंगे। इसमें इनपुट से लेकर बाजार तक संपूर्ण कृषि चेन पर ध्यान दिया गया है। इसके अलावा पूरे प्रदेश की एक सामान्य योजना बनाई गई है। इसमें स्थानीय जरूरतों का ध्यान रखा गया है।
किसानों की आय दोगुनी करने के मिशन में निजी क्षेत्र व गैर सरकारी संस्थाओं का सहयोग भी लिया जाएगा। विभाग रोडमैप के आधार पर कार्य करेंगे और यह रणनीति नतीजों पर केंद्रित होगी।
रोडमैप की खास बातें
- उपज बढ़ाने के लिए वैज्ञानिक तरीके अपनाए जाएंगे। माइक्रो सिंचाई व प्रमाणित बीजों का उपयोग होगा।
- फसल नियोजन, विविधता व जैविक खेती को प्रोत्साहन देंगे।
बंजर भूमि को फसल योग्य बनाकर कृषि भूमि के क्षेत्रफल में वृद्धि की जाएगी।
- कौशल विकास व कृषि अवस्थापना संबंधी विकास कार्यों को तवज्जो मिलेगी।
- छंटाई, वर्गीकरण, पैकिंग आदि के जरिए उत्पाद की कीमत में बढ़ोतरी।
- खाद्य प्रसंस्करण को प्रदेश में बढ़ावा दिया जाएगा।
- फल और सब्जी बाजार का विकास किया जाएगा और मंडियों को इससे जोड़ा जाएगा।
- फ्लोरीकल्चर, हॉर्टिकल्चर व पशुपालन का नियोजित तरीके से विकास होगा।
- फसल उपजाने के बाद इसके प्रबंधन व भंडारण पर जोर दिया जाएगा।
नियमित कर्ज अदा करने वाले किसान होंगे पुरस्कृत
कर्जमाफी के लिए आगे नौबत न आए, इसके लिए सरकार किसानों को जागरूक करेगी। नियमित ऋण की अदायगी करने वाले किसानों को सम्मानित किया जाएगा। सरकार ऐसे किसानों के लिए पुरस्कार पर विचार करेगी। क्रेडिट अनुशासन के लिए सरकार जल्द ही एक मुकम्मल रणनीति भी बनाने पर विचार कर रही है।