साइबर क्राइम थाने के इंस्पेक्टर ब्रजेश कुमार यादव ने बताया कि यूपी में गनी का साथी राजा सिंह गिरोह का संचालन करता था। फ्रेंड्स कॉलोनी से 15 जालसाजों के पकड़े जाने के बाद से राजा भी भूमिगत हो गया है। माना जा रहा है कि वह भी विदेश भाग गया है। पुलिस का कहना है कि गनी और राजा के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी कराया जाएगा। इससे आरोपियों के विदेश से लौटते ही उनके बारे में जानकारी मिल जाएगी और दोनों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
पूछताछ में गिरफ्तार किए गए आरोपियों ने बताया कि वे ठगी की रकम का 20 प्रतिशत हिस्सा अपने पास रखते थे। इसे आपस में बांट लिया जाता था। वहीं, किराए पर बैंक खाते देने वालों को भी कमीशन दिया जाता था। पुलिस की एक टीम मध्य प्रदेश निवासी गनी के बारे में जानकारी कर रही है। बताया जा रहा है कि अभी भी अलग अलग शहरों में गनी गिरोह का संचालन कर रहा है। पुलिस को आरोपियों के पास से मिले इलेक्ट्रानिक उपकरण से कई अहम जानकारी मिली है। उल्लेखनीय है कि ठगों ने अन्ना रेड्डी, फेयर प्ले और 99 एक्सचेंज नाम से फर्जी लिंक बना रखा था। इसके जरिये वे लोगों से ऑनलाइन गेम के नाम पर संपर्क करते थे। इसके बाद लोगों को उन्हीं के खातों में रकम जमा कराते थे और फिर धोखे से अपने फर्जी खातों में पैसे ट्रांसफर कर लेते थे।