लखनऊ। मोहनलालगंज के भसवारा गांव में आर्थिक रूप से कमजोर लोगों का धर्म परिवर्तन कराया जा रहा था। आरोपी पहले उन्हें इलाज और घरेलू सामान का लालच देते थे। इसके बाद धीरे-धीरे उनका ब्रेन वॉश कर धर्म परिवर्तन कराते थे।
एडीसीपी साउथ रल्लापल्ली वसंथ कुमार ने बताया कि हिरासत में लिए गए आरोपी डेनियल और उसकी पत्नी के बैंक खातों की जानकारी खंगाली जा रही है। उनके पास धन कहां से आ रहा था, पुलिस यह पता लगा रही है। जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी कुछ लोगों को हर माह चार से पांच हजार रुपये वेतन भी देते थे। पुलिस अब उन लोगों की सूची बना रही है, जिनका धर्म परिवर्तन कराया गया है। जल्द ही उन लोगों से पूछताछ कर धर्म परिवर्तन के तरीके और समय का पता लगाया जाएगा।
व्हाट्सएप ग्रुप के जरिये करते थे संपर्क
पुलिस सूत्रों के अनुसार, धर्म परिवर्तन कराने वाले आरोपियों ने व्हाट्सएप ग्रुप बना रखा था। इस ग्रुप के माध्यम से वे लोगों से संपर्क करते थे। गैंग से जुड़े एजेंटों को मुख्य आरोपी कमीशन भी देते थे।
सितंबर 2025 में निगोहां में पकड़ा गया था ऐसा ही गैंग
सितंबर 2025 में निगोहां के बख्तौरीखेड़ा में भी ऐसा ही एक गैंग पकड़ा गया था। उस समय बख्तौरीखेड़ा निवासी मलखान को गिरफ्तार किया गया था, जो दो साल से यह गैंग चला रहा था।