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Lucknow News: टीम ने आरटीओ-एआरटीओ में मारा छापा, दलाल भागे... सीसीटीवी व रिकॉर्ड रूम भी तलाशा

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आरटीओ-एआरटीओ में छापेमारी, दलाल फरार, पांच कर्मी अनुपस्थित
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लखनऊ। परिवहन विभाग के अफसरों के शनिवार को हुए औचक निरीक्षण में आरटीओ-एआरटीओ कार्यालयों की व्यवस्थाओं की पोल खुल गई। ट्रांसपोर्टनगर आरटीओ में तीन कर्मचारी गैरहाजिर मिले, जबकि देवा रोड एआरटीओ में दो कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए। वहीं, देवा रोड कार्यालय में डीएल प्रिंटिंग का काम करने वाले प्राइवेट कर्मियों के पास पहचान पत्र तक नहीं थे। टीमों ने सीसीटीवी कैमरों से लेकर रिकॉर्ड रूम और काउंटरों तक की पड़ताल की और आवेदकों से भी व्यवस्थाओं का फीडबैक लिया।
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दरअसल, परिवहन आयुक्त आशुतोष निरंजन ने हाल ही में प्रदेशभर के आरटीओ और एआरटीओ कार्यालयों के निरीक्षण की रूपरेखा तैयार की है। इसके तहत अलग-अलग जिलों में निरीक्षण के लिए अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसी क्रम में अयोध्या परिक्षेत्र के उप परिवहन आयुक्त राजकुमार सिंह ने ट्रांसपोर्टनगर आरटीओ का औचक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान एआरटीओ प्रदीप कुमार सिंह, एमवीआई प्रशांत कुमार, विष्णु कुमार और एआरटीओ प्रवर्तन आलोक यादव मौजूद रहे। राजकुमार सिंह ने अनधिकृत व्यक्तियों के संबंध में पूछताछ की और सीसीटीवी रिकॉर्डिंग खंगाली। फिटनेस सेंटर का भी निरीक्षण किया गया। अटेंडेंस रजिस्टर की जांच में बाबू केके दुबे, अभिषेक शर्मा और चपरासी मंजू रानी अनुपस्थित पाए गए। वहीं, प्रधान सहायक अमित श्रीवास्तव अवकाश पर थे।
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बदले दिखे हालात, दलाल गायब, रजिस्टर पर एंट्री
ट्रांसपोर्टनगर आरटीओ में शनिवार को सामान्य दिनों के मुकाबले माहौल बदला हुआ नजर आया। कार्यालय में सक्रिय रहने वाले दलाल दिखाई नहीं दिए। मुख्य गेट पर रजिस्टर में एंट्री के बाद ही आवेदकों को अंदर जाने दिया गया। सारथी भवन में भी रजिस्टर मेंटेन किया जा रहा था।
जिन पटलों पर आमतौर पर दलालों की मौजूदगी रहती है, वहां शनिवार को सन्नाटा रहा। फिलहाल प्रवेश और रजिस्टर की व्यवस्था व्यवस्थित नजर आई।
देवा रोड एआरटीओ में दो कर्मचारी गैरहाजिर
देवा रोड एआरटीओ कार्यालय में अपर परिवहन आयुक्त प्रशासन चित्रलेखा सिंह और उप परिवहन आयुक्त, लखनऊ परिक्षेत्र राधेश्याम की टीम ने जांच की। टीम ने कार्यालय के बाहर और परिसर में मौजूद लोगों से पूछताछ कर उनके आने का कारण और सुविधाओं को लेकर फीडबैक लिया। पहचान पत्रों की भी जांच की गई, ताकि अनधिकृत लोगों और दलालों के प्रवेश पर रोक लगाई जा सके।
डीएल प्रिंटिंग का काम करने वाले प्राइवेट कर्मियों के पास आईडी कार्ड नहीं मिले। एआरटीओ हिमांशु जैन ने बताया कि कंपनी की ओर से कर्मियों को आईडी उपलब्ध नहीं कराई गई है। अटेंडेंस रजिस्टर की जांच में चपरासी दीपक कुमार और बाबू गजेंद्र सिंह अनुपस्थित मिले। दोनों के वेतन रोकने के निर्देश दिए गए।

आरटीओ-एआरटीओ में छापेमारी, दलाल फरार, पांच कर्मी अनुपस्थित

आरटीओ-एआरटीओ में छापेमारी, दलाल फरार, पांच कर्मी अनुपस्थित

आरटीओ-एआरटीओ में छापेमारी, दलाल फरार, पांच कर्मी अनुपस्थित

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