लखनऊ। गोमतीनगर स्थित अंतरराष्ट्रीय बौद्ध शोध संस्थान में नाटक द लेसन का मंचन किया गया। इसमें समाज की उदासीनता देखने को मिली। श्रद्धा मानव सेवा कल्याण समिति की ओर से आयोजित इस नाटक की कहानी एक प्रोफेसर, छात्रा और नौकरानी के इर्द-गिर्द घूमती है। छात्रा पढ़ाई के लिए प्रोफेसर के पास जाती है। करीब एक महीना बीत जाने के बाद प्रोफेसर उसकी हत्या कर देता है क्योंकि वह कुछ सवालों के सही जवाब नहीं दे पाती है। इसी तरह कई हत्याएं प्रोफेसर कर चुका होता है। उसे इसका पछतावा भी नहीं होता है। इस सब को नौकरानी देख रही होती है, लेकिन वह भी रोकने के लिए कोई बड़ा कदम नहीं उठाती है। निर्देशन तुषार बाजपेयी ने किया। मुख्य अतिथि पद्मश्री डॉ. अनिल रस्तोगी रहे। डॉ. संजय मेहरोत्रा, डॉ. चंदना मेहरोत्रा आदि लोग मौजूद रहे।