लखनऊ। खतरनाक मांझे से होने वाली घटनाओं को रोकने के लिए बृहस्पतिवार को चौक थाने में बैठक बुलाई गई। इसमें पतंग-मांझा बेचने वालों के साथ पतंगबाज और व्यापार मंडल के पदाधिकारी मौजूद रहे। इस दौरान पुलिस की अपील पर 12 लोगों ने मांझे की चरखी सौंपते हुए भविष्य में मांझे से पतंग न उड़ाने का भरोसा भी दिया।
डीसीपी पश्चिम विश्वजीत श्रीवास्तव ने बताया कि बैठक में अपील की गई कि न तो खतरनाक मांझा बेचें और न ही पतंगबाज इनका इस्तेमाल करें। यह भी बताया कि खतरनाक मांझे से होने वाली घटनाओं को अपराध माना गया है और ऐसी स्थिति में एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
एसीपी चौक राजकुमार सिंह ने बताया कि लोगों को खतरनाक मांझे का इस्तेमाल न करने की शपथ भी दिलाई गई। बैठक में लखनऊ व्यापार मंडल के अध्यक्ष अमरनाथ मिश्रा, पार्षद अनुराग मिश्रा, आनंद रस्तोगी, शैलेंद्र कक्कड़, गुरुदत्त कनौजिया, मनीष वर्मा, सलमान अंसारी, अभिषेक रस्तोगी, जावेद अली मौजूद रहे।