वेदम स्कूल में आयोजित कार्यक्रम में उपस्थित छात्र-छात्राएं। स्रोत ः स्कूल
लखनऊ। वेदम वर्ल्ड स्कूल में बृहस्पतिवार को बहुप्रतीक्षित अतिथि वक्ता कार्यक्रम वेदम संवाद का प्रथम सत्र आयोजित किया गया। इसमें स्कूल के छात्र-छात्राओं को आत्मरक्षा के गुणों को सीखने का महत्व समझाया गया। मुख्य अतिथि सामाजिक कार्यकर्ता और रेड ब्रिगेड लखनऊ की संस्थापक ऊषा विश्वकर्मा के साथ सशक्त संवाद विद्यार्थियों के लिए आत्मबल, सामाजिक चेतना और समानता की एक जीवंत पाठशाला सिद्ध हुआ।
ऊषा विश्वकर्मा ने बच्चों से अपनी प्रेरणास्पद जीवन यात्रा साझा करते हुए बताया कि कैसे उन्होंने एक यौन हिंसा की घटना को सहने के बजाय उसके विरुद्ध आवाज उठाई और वर्ष 2011 में रेड ब्रिगेड लखनऊ की नींव रखी। आज यह संगठन 1.5 लाख से अधिक लड़कियों व महिलाओं को आत्मरक्षा का प्रशिक्षण देकर उन्हें जागरूकता व अधिकार के साथ जीना सिखा चुका है।
छात्राओं ने उनसे उत्पीड़न, यौन अपराध, आत्मरक्षा से जुड़े हुए कई सवाल पूछें, जिसका उन्होंने उत्तर देकर बच्चों को संतुष्ट किया। विद्यालय की प्रधानाचार्य डॉ. सफिया उस्मानी ने कहा कि वेदम संवाद का उद्देश्य विद्यार्थियों की सोच में सकारात्मक परिवर्तन लाना है। हम चाहते हैं कि विद्यार्थी अपने कॅरिअर की शुरुआती अवस्था में ही विभिन्न पेशों से जुड़े प्रेरक व्यक्तित्वों से मिलें।
संवाद में बच्चों ने लिए ये संकल्प
1- अपने साथ या किसी और के साथ होने वाली किसी भी प्रकार की हिंसा या उत्पीड़न के खिलाफ चुप नहीं रहेंगे।
2- डर या संकोच को खुद पर हावी नहीं होने देंगे।
3- आत्मरक्षा को जीवन का हिस्सा बनाएंगे।
4- समाज में समानता, सम्मान और न्याय की भावना को आगे बढ़ाएंगे।